Why You Will Get Better Value from These Congress's Banaras and Kolkata and Surat sessions: A blog about why attending these online sessions makes sense.|कांग्रेस बनारस अधिवेशन 1905|,कांग्रेस कलकत्ता अधिवेशन,|कांग्रेस सूरत अधिवेशन
कांग्रेस का बनारस अधिवेशन कब पर हुआ ?-
गोपाल कृष्ण गोखले ने कांग्रेस के बनारस अधिवेशन 1905 की अध्यक्षता की|
कांग्रेस के द्वारा "स्वराज" संबंधी प्रस्ताव पर सर्वप्रथम चर्चा बनारस अधिवेशन में हुई |
कांग्रेस का कोलकाता अधिवेशन कब हुआ और इसके अध्यक्ष कौन थे ? -
1906 ईस्वी में कोलकाता कांग्रेस अधिवेशन अध्यक्ष पद को लेकर पार्टी में विभाजन की नौबत आ गई , लेकिन दादा भाई नौरोजी के अध्यक्ष बनने से संभावित विभाजन टल गया |राष्ट्रीय कांग्रेस के कलकत्ता अधिवेशन में पहली बार दादा भाई नौरोजी ने स्वराज्य की मांग की |
कांग्रेस का सूरत अधिवेशन कब हुआ और इसकी अध्यक्षता किसने किया ? -
1907 ईस्वी में सूरत में आयोजित कांग्रेस के 23 वें वार्षिक अधिवेशन में उदारवादियों और उग्रवादियों मे अध्यक्ष पद को लेकर कांग्रेस का विभाजन हो गया|
उग्रपंथी जहां लाला लाजपत राय को अध्यक्ष बनाना चाहते थे ,वही उदारवादी रासबिहारी घोष को अध्यक्ष बनाना चाहते थे ,अंततः रासबिहारी घोष अध्यक्ष बनने में सफल हुए,
सम्मेलन में उग्रवादियों द्वारा 1906 में पास कराएंगे प्रस्ताव स्वदेशी, बहिष्कार के प्रयोग को लेकर विवाद हो गया| अतः दोनों पक्षों में संघर्ष के बाद कांग्रेस में पहला विभाजन हो गया |
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