Surveying JE EXAM PYQs

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 1)

Q1. सर्वेक्षण का मूल सिद्धांत किस क्रम में कार्य करना है?
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2015, UPSSSC JE 2016
  • A) अंश से पूर्ण की ओर (Part to whole)
  • B) पूर्ण से अंश की ओर (Whole to part)
  • C) निचले स्तर से उच्च स्तर की ओर (Lower level to higher level)
  • D) उच्च स्तर से निचले स्तर की ओर (Higher level to lower level)
✔ सही उत्तर: B) पूर्ण से अंश की ओर (Whole to part)
विस्तृत व्याख्या:
  • सिद्धांत क्या है? सबसे पहले उच्च परिशुद्धता वाले उपकरणों का उपयोग करके पूरे क्षेत्र के चारों ओर मुख्य नियंत्रण बिंदु (Main control points) स्थापित किए जाते हैं। फिर इस बड़े क्षेत्र को छोटे-छोटे भागों में बाँटा जाता है, जिनका सर्वेक्षण कम परिशुद्धता वाले उपकरणों से किया जा सकता है।
  • ऐसा क्यों किया जाता है? इसका मुख्य उद्देश्य "त्रुटियों के संचय को रोकना" (To prevent accumulation of errors) है।
  • यदि हम Part to Whole काम करें तो क्या होगा? शुरुआत में हुई एक छोटी सी त्रुटि आगे बढ़ते-बढ़ते कई गुना बढ़ जाएगी (Error multiplies) और पूरे प्रोजेक्ट को गलत कर देगी।
  • निष्कर्ष: Whole to Part कार्य करने से किसी एक छोटे भाग की त्रुटि उसी भाग तक सीमित रहती है (Localize the error)।
Q2. मानचित्र पर 1 cm, जमीन पर 10 m को दर्शाता है। पैमाने का निरूपक भिन्न (R.F.) क्या है?
Exam: RSMSSB JE 2020, DDA JE 2018
  • A) 1/10
  • B) 1/100
  • C) 1/1000
  • D) 1/10000
✔ सही उत्तर: C) 1/1000
विस्तृत व्याख्या:
  • R.F. क्या होता है? निरूपक भिन्न (R.F.) मानचित्र की दूरी और जमीन की वास्तविक दूरी का अनुपात है। अंश और हर दोनों की इकाई (Unit) एक समान होनी चाहिए।
  • गणना:
    Map Distance = 1 cm
    Ground Distance = 10 m
    चूँकि 1 m = 100 cm, इसलिए 10 m = 10 × 100 cm = 1000 cm
    R.F. = Map Distance / Ground Distance
    R.F. = 1 cm / 1000 cm = 1/1000
  • अतिरिक्त जानकारी: पैमाना 3 प्रकार से दर्शाया जाता है: 1. Engineer's Scale, 2. Graphical Scale, 3. R.F.
Q3. खराब रेंजिंग (bad ranging) के कारण होने वाली त्रुटि हमेशा कैसी होती है?
Exam: RRB JE 2019, SSC JE 2018
  • A) संचयी धनात्मक (Cumulative positive)
  • B) संचयी ऋणात्मक (Cumulative negative)
  • C) समकारी (Compensating)
  • D) यांत्रिक (Instrumental)
✔ सही उत्तर: A) संचयी धनात्मक (Cumulative positive)
विस्तृत व्याख्या:
  • रेंजिंग क्या है? दो बिंदुओं के बीच एक सीधी रेखा स्थापित करने की प्रक्रिया।
  • खराब रेंजिंग का प्रभाव: यदि रेंजिंग सही नहीं है, तो चेन एक सीधी रेखा के बजाय ज़िग-ज़ैग रास्ते पर बिछाई जाएगी।
  • त्रुटि धनात्मक क्यों है? ज्यामिति के अनुसार सबसे छोटी दूरी एक सीधी रेखा होती है। यदि रास्ता टेढ़ा है, तो "मापी गई दूरी" हमेशा "वास्तविक दूरी" से अधिक होगी।
  • सूत्र: Error = Measured Value - True Value. चूँकि Measured Value > True Value है, त्रुटि हमेशा धनात्मक (+) होगी और जुड़ती जाएगी।
Q4. यदि किसी रेखा के F.B. और B.B. के बीच का अंतर ठीक 180° है, तो यह क्या दर्शाता है?
Exam: UPPCL JE 2019, SSC JE 2016
  • A) स्टेशन स्थानीय आकर्षण से प्रभावित हैं
  • B) स्टेशन स्थानीय आकर्षण से मुक्त हैं
  • C) उपकरण में त्रुटि है
  • D) अवलोकन में त्रुटि है
✔ सही उत्तर: B) स्टेशन स्थानीय आकर्षण से मुक्त हैं
विस्तृत व्याख्या:
  • F.B. और B.B.: सर्वेक्षण की दिशा में ली गई रीडिंग Fore Bearing (F.B.) और विपरीत दिशा में Back Bearing (B.B.) कहलाती है।
  • स्थानीय आकर्षण (Local Attraction): जब कम्पास की चुंबकीय सुई बाहरी चुंबकीय प्रभाव (लोहे के खंभे, तार आदि) से विचलित हो जाती है।
  • निष्कर्ष: यदि |F.B. - B.B.| = 180° बिल्कुल सटीक आता है, तो इसका स्पष्ट अर्थ है कि दोनों स्टेशनों पर कोई बाहरी चुंबकीय प्रभाव मौजूद नहीं है।
Q5. वास्तविक दिक्मान (True bearing) 54° 02' है और चुंबकीय दिक्पात (Declination) 5° 38' पूर्व है। चुंबकीय दिक्मान क्या होगा?
Exam: SSC JE 2015, LMRC JE 2017
  • A) 42° 46'
  • B) 59° 40'
  • C) 48° 24'
  • D) 5° 38'
✔ सही उत्तर: C) 48° 24'
विस्तृत व्याख्या:
  • True Bearing (T.B.): भौगोलिक उत्तर से मापा गया कोण (समय के साथ नहीं बदलता)।
  • Magnetic Bearing (M.B.): चुंबकीय उत्तर से मापा गया कोण।
  • ट्रिक: East Declination के लिए (+) और West के लिए (-) का प्रयोग करें।
    T.B. = M.B. + Declination (East)
  • गणना:
    54° 02' = M.B. + 5° 38'
    M.B. = 54° 02' - 5° 38'
    (चूँकि 1° = 60', तो 54° 02' को 53° 62' लिख सकते हैं)
    M.B. = 53° 62' - 5° 38' = 48° 24'
Q6. टेप में खिंचाव (pull/tension) के लिए संशोधन का सूत्र क्या है?
Exam: DSSSB JE 2019, UKPSC JE 2013
  • A) Cp = (P - P0)L / AE
  • B) Cp = (P0 - P)L / AE
  • C) Cp = (P - P0)A / LE
  • D) Cp = (P - P0)E / AL
✔ सही उत्तर: A) Cp = (P - P0)L / AE
विस्तृत व्याख्या:
  • पदों का अर्थ: P = Field में लगाया गया बल, P0 = मानक बल, L = मापी गई दूरी, A = क्रॉस-सेक्शनल एरिया, E = यंग मापांक।
  • संशोधन की प्रकृति:
    - यदि P > P0 (ज़्यादा ज़ोर से खींचा गया), तो टेप लंबा हो जाएगा। मापी गई दूरी कम आएगी, इसलिए संशोधन धनात्मक (+) होगा।
    - यदि P < P0, तो संशोधन ऋणात्मक (-) होगा।
Q7. साहुल रेखा (Plumb line) के लंबवत (normal) रेखा को क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2018, RPSC JE 2016
  • A) समतल रेखा (Level line)
  • B) क्षैतिज रेखा (Horizontal line)
  • C) ऊर्ध्वाधर रेखा (Vertical line)
  • D) आधार रेखा (Datum line)
✔ सही उत्तर: A) समतल रेखा (Level line)
विस्तृत व्याख्या:
  • Plumb Line: वह ऊर्ध्वाधर रेखा जो सीधे पृथ्वी के गुरुत्वाकर्षण केंद्र की ओर जाती है।
  • Level Line: ऐसा वक्र पृष्ठ जो हर बिंदु पर प्लंब लाइन के ठीक 90° (लंबवत) होता है।
  • Horizontal Line: वह सीधी रेखा जो Level line के किसी एक बिंदु पर स्पर्शरेखा (Tangent) का काम करती है।
  • मुख्य अंतर: तकनीकी रूप से Level Line एक वक्र (Curve) है और Horizontal Line एक सीधी रेखा है।
Q8. पास-पास स्थित समोच्च रेखाएँ (Closely spaced contours) क्या दर्शाती हैं?
Exam: DDA JE 2018, RRB JE 2014
  • A) समतल सतह (Flat surface)
  • B) खड़ी ढलान (Steep slope)
  • C) एकसमान ढलान (Uniform slope)
  • D) गर्त/गड्ढा (Depression)
✔ सही उत्तर: B) खड़ी ढलान (Steep slope)
विस्तृत व्याख्या:
  • Contour क्या है? समान ऊंचाई वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली काल्पनिक रेखा।
  • विशेषताएं:
    - Closely Spaced (पास-पास): खड़ी ढलान (Steep slope) दर्शाते हैं।
    - Widely Spaced (दूर-दूर): समतल सतह (Flat ground) दर्शाते हैं。
    - Equally Spaced: एकसमान ढलान (Uniform slope)।
    - Closed with higher values inside: पहाड़ी (Hill)।
    - Closed with lower values inside: गड्ढा या झील (Depression)।
Q9. थियोडोलाइट का आकार (Size) किसके द्वारा निर्दिष्ट किया जाता है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, SSC JE 2013
  • A) दूरबीन की लंबाई
  • B) ऊर्ध्वाधर वृत्त का व्यास
  • C) निचली प्लेट का व्यास (Diameter of lower plate)
  • D) ऊपरी प्लेट का व्यास
✔ सही उत्तर: C) निचली प्लेट का व्यास (Diameter of lower plate)
विस्तृत व्याख्या:
  • थियोडोलाइट में क्षैतिज कोण मापने के लिए दो प्लेटें होती हैं: Lower Plate (जिस पर मुख्य पैमाना होता है) और Upper Plate (वर्नियर पैमाना)।
  • चूँकि मुख्य पैमाना निचली प्लेट पर होता है, इसलिए थियोडोलाइट की सटीकता और उसका आकार (Size) हमेशा निचली प्लेट के व्यास से ही बताया जाता है।
  • उदाहरण: '10 cm थियोडोलाइट' का अर्थ है कि उसकी Lower Plate का व्यास 10 cm है।
Q10. 30 मीटर चेन के लिए किसी वक्र की डिग्री (D) उसकी त्रिज्या (R) से किस सूत्र द्वारा संबंधित होती है?
Exam: SSC JE 2016, HPSSC JE 2018
  • A) R = 1146/D
  • B) R = 1719/D
  • C) R = 1719 × D
  • D) R = 1146 × D
✔ सही उत्तर: B) R = 1719/D
विस्तृत व्याख्या:
  • सूत्र की उत्पत्ति (30m chain के लिए):
    वक्र की परिधि = 2πR
    (Arc Length / Circumference) = (Degree Angle / Total Angle)
    30 / 2πR = D / 360
    R = (30 × 360) / (2 × π × D)
    R = 5400 / (π × D)
    π का मान 3.14159 रखने पर: R ≈ 1719 / D
  • अतिरिक्त जानकारी: यदि प्रश्न में 20 मीटर की चेन दी गई हो, तो सूत्र R ≈ 1146 / D हो जाता है।
```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 2)

Q11. लेवलिंग (Leveling) की H.I. विधि (Height of Instrument method) में किस रीडिंग पर कोई अंकगणितीय जांच (Arithmetical check) नहीं होती है?
Exam: SSC JE 2018, UPPCL JE 2016, RRB JE 2019
  • A) Fore Sight (F.S.)
  • B) Back Sight (B.S.)
  • C) Intermediate Sight (I.S.)
  • D) Both B.S. and F.S.
✔ सही उत्तर: C) Intermediate Sight (I.S.)
विस्तृत व्याख्या:
  • H.I. विधि का चेक: ΣB.S. - ΣF.S. = Last R.L. - First R.L.
  • इस विधि में Intermediate Sights (I.S.) के लिए कोई अलग से गणितीय जाँच (Check) नहीं होती है। इसलिए यदि I.S. निकालने में कोई गलती हो जाए, तो अंत तक पता नहीं चलता।
  • Rise & Fall विधि: इसमें ΣB.S. - ΣF.S. = ΣRise - ΣFall = Last R.L. - First R.L. होता है, जो सभी रीडिंग्स (I.S. सहित) को चेक करता है। इसलिए Rise & Fall विधि अधिक सटीक मानी जाती है।
Q12. अलग-अलग ऊँचाई की समोच्च रेखाएँ (Contour lines) एक साथ मिलकर एक ही रेखा केवल किस स्थिति में बना सकती हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2017
  • A) पहाड़ी (Hill)
  • B) ओवरहैंगिंग क्लिफ (Overhanging cliff)
  • C) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
  • D) घाटी (Valley)
✔ सही उत्तर: C) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
विस्तृत व्याख्या:
  • नियम: समोच्च रेखाएँ कभी भी एक-दूसरे को काटती (cross) या मिलती (unite) नहीं हैं।
  • अपवाद 1: Vertical Cliff (ऊर्ध्वाधर चट्टान): केवल इसी स्थिति में अलग-अलग ऊँचाई (Elevations) की समोच्च रेखाएँ एक ही बिंदु पर आकर मिलती हैं और एक रेखा बनाती हैं।
  • अपवाद 2: Overhanging Cliff: इस स्थिति में समोच्च रेखाएँ एक-दूसरे को पार (Cross) करती हुई दिखाई देती हैं।
Q13. एक टैकोमीटर (Tacheometer) का गुणक स्थिरांक (Multiplying constant) क्या होता है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2015, RSMSSB JE 2020
  • A) f + d
  • B) f / i
  • C) f / d
  • D) f × i
✔ सही उत्तर: B) f / i
विस्तृत व्याख्या:
  • टैकोमेट्री में दूरी निकालने का सूत्र: D = kS + C
  • Multiplying Constant (k): इसका मान f / i होता है। (जहाँ f = फोकल लंबाई, i = स्टेडिया इंटरवल)। आधुनिक उपकरणों में इसका मान 100 रखा जाता है।
  • Additive Constant (C): इसका मान f + d होता है। एनालेक्टिक लेंस (Analactic lens) लगे होने पर इसका मान 0 (शून्य) हो जाता है।
Q14. थियोडोलाइट में दूरबीन (Telescope) को ऊर्ध्वाधर अक्ष (Vertical axis) के परितः क्षैतिज तल (Horizontal plane) में घुमाने की प्रक्रिया क्या कहलाती है?
Exam: LMRC JE 2017, RRB JE 2014
  • A) Plunging
  • B) Transiting
  • C) Swinging
  • D) Pitching
✔ सही उत्तर: C) Swinging
विस्तृत व्याख्या:
  • Swinging (स्विंगिंग): दूरबीन को क्षैतिज तल (Horizontal Plane) में दाएँ या बाएँ घुमाना (जैसे हम पंखे को इधर-उधर घुमाते हैं)।
  • Transiting / Plunging / Reversing: दूरबीन को क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis/Trunnion axis) के परितः ऊर्ध्वाधर तल (Vertical Plane) में 180° पर घुमाना (उल्टा करना)।
Q15. लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन के लिए संयुक्त संशोधन (Combined correction for curvature and refraction) क्या है? (जहाँ D किलोमीटर में है)
Exam: SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) -0.0785 D2
  • B) -0.0673 D2
  • C) +0.0112 D2
  • D) +0.0673 D2
✔ सही उत्तर: B) -0.0673 D2
विस्तृत व्याख्या:
  • Curvature Correction (Cc): यह हमेशा ऋणात्मक (-) होता है। Cc = -0.0785 D2 (मीटर में)।
  • Refraction Correction (Cr): यह हमेशा धनात्मक (+) होता है और Cc का 1/7 वां भाग होता है। Cr = +0.0112 D2 (मीटर में)।
  • Combined Correction (C): C = Cc + Cr = -0.0785 D2 + 0.0112 D2 = -0.0673 D2 (जहाँ D उपकरण से स्टाफ की दूरी किलोमीटर में है)।
Q16. इनवार टेप (Invar tape) किस मिश्र धातु (alloy) से बना होता है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, SSC JE 2014
  • A) कॉपर और जिंक (Copper & Zinc)
  • B) स्टील और निकल (Steel & Nickel)
  • C) स्टील और कॉपर (Steel & Copper)
  • D) पीतल और निकल (Brass & Nickel)
✔ सही उत्तर: B) स्टील और निकल (Steel & Nickel)
विस्तृत व्याख्या:
  • Invar Tape: यह बेस लाइन (Base line) को सबसे अधिक सटीकता से मापने के लिए प्रयोग किया जाता है।
  • मिश्र धातु: यह 64% स्टील (Steel) और 36% निकल (Nickel) का मिश्र धातु होता है।
  • विशेषता: इसका तापीय प्रसार गुणांक (Coefficient of thermal expansion) बहुत कम होता है, इसलिए तापमान बदलने पर इसकी लंबाई में ना के बराबर परिवर्तन होता है।
Q17. बोडिच का नियम (Bowditch's rule) किस लिए लागू किया जाता है?
Exam: UPPCL JE 2019, RPSC JE 2016
  • A) लेवलिंग (Leveling) में
  • B) टैकोमेट्री (Tacheometry) में
  • C) बंद चक्रमण (Closed traverse) की त्रुटि को संतुलित करने के लिए
  • D) कंटूरिंग (Contouring) में
✔ सही उत्तर: C) बंद चक्रमण (Closed traverse) की त्रुटि को संतुलित करने के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Bowditch Rule (Compass Rule): इसका उपयोग बंद ट्रैवर्स (Closed Traverse) में Closing Error को संतुलित (Adjust) करने के लिए किया जाता है।
  • यह नियम तब लागू किया जाता है जब रैखिक माप (Linear measurements) और कोणीय माप (Angular measurements) दोनों समान सटीकता (equal precision) से लिए गए हों।
  • यदि कोणीय माप (थियोडोलाइट से) अधिक सटीक हैं, तो Transit Rule का प्रयोग किया जाता है।
Q18. लेवल ट्यूब की संवेदनशीलता (Sensitiveness of a bubble tube) को कैसे बढ़ाया जा सकता है?
Exam: SSC JE 2017, DSSSB JE 2019
  • A) ट्यूब की त्रिज्या कम करके
  • B) तरल की श्यानता (viscosity) बढ़ाकर
  • C) ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Internal radius) बढ़ाकर
  • D) ट्यूब की लंबाई कम करके
✔ सही उत्तर: C) ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Internal radius) बढ़ाकर
विस्तृत व्याख्या:
  • संवेदनशीलता बढ़ाने के कारक (Factors increasing sensitiveness):
    1. ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Radius of curvature) बढ़ाकर।
    2. बबल ट्यूब की लंबाई (Length of bubble) बढ़ाकर।
    3. ट्यूब के अंदर के तरल की श्यानता (Viscosity) और पृष्ठ तनाव (Surface tension) कम करके (न कि बढ़ाकर)।
    4. ट्यूब की आंतरिक सतह की चिकनाई (Smoothness) बढ़ाकर।
Q19. सर्वेक्षण (Surveying) में 'ऑफसेट' (Offset) क्या है?
Exam: RRB JE 2015, SSC JE 2016
  • A) एक सर्वेक्षण उपकरण
  • B) चेन लाइन से मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral distance)
  • C) एक प्रकार की त्रुटि
  • D) एक सर्वेक्षण स्टेशन
✔ सही उत्तर: B) चेन लाइन से मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral distance)
विस्तृत व्याख्या:
  • Offset: किसी विवरण (जैसे पेड़, इमारत, बाउंड्री) की स्थिति को मैप पर दर्शाने के लिए मुख्य सर्वेक्षण रेखा (Chain Line) से दाहिने या बाएँ मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral measurement) को ऑफसेट कहा जाता है।
  • यह दो प्रकार का होता है: Perpendicular Offset (ठीक 90° पर मापा गया) और Oblique Offset (90° के अलावा किसी अन्य कोण पर)।
Q20. संक्रमण वक्र (Transition curve) का एक महत्वपूर्ण गुण यह है कि इसकी त्रिज्या (Radius)...
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) पूरी लंबाई में स्थिर (constant) रहती है
  • B) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के अनुक्रमानुपाती (directly proportional) होती है
  • C) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती (inversely proportional) होती है
  • D) शून्य होती है
✔ सही उत्तर: C) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती (inversely proportional) होती है
विस्तृत व्याख्या:
  • Transition Curve: यह सीधी सड़क और गोलाकार वक्र (Circular curve) के बीच प्रदान किया जाता है ताकि अपकेंद्री बल (Centrifugal force) धीरे-धीरे लगे।
  • मुख्य गुण: इसकी त्रिज्या (R) प्रारंभ में अनंत (∞) होती है और जैसे-जैसे लंबाई (L) बढ़ती है, त्रिज्या कम होती जाती है। यानी त्रिज्या, लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती होती है (R ∝ 1/L) या R × L = Constant
  • भारत में रेलवे और हाईवे के लिए आमतौर पर Cubic Parabola और Spiral (Clothoid) का उपयोग किया जाता है।
``` **नोट:** * ब्लॉगर में पब्लिश करने के बाद **"Preview"** (पूर्वावलोकन) बटन दबाकर जांच लें, यह एकदम वैसा ही दिखेगा जैसा आप चाहते हैं। * यदि आपको किसी अन्य विषय (जैसे Building Materials, Soil Mechanics, Fluid Mechanics) के PYQs भी इसी फॉर्मेट में चाहिए, तो आप बेझिझक पूछ सकते हैं! यहाँ **Surveying JE EXAM PYQs का Part - 2** (Leveling, Theodolite, Tacheometry और Traverse Surveying) दिया गया है। मैंने इसे भी बिल्कुल उसी **कलरफुल और रिस्पॉन्सिव HTML फॉर्मेट** में तैयार किया है, ताकि आप इसे सीधे अपने ब्लॉगर (Blogger) के **HTML View** में पेस्ट कर सकें। इसे कॉपी करें और अपने ब्लॉग में इस्तेमाल करें: ```html

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 2)

Q11. लेवलिंग (Leveling) की H.I. विधि (Height of Instrument method) में किस रीडिंग पर कोई अंकगणितीय जांच (Arithmetical check) नहीं होती है?
Exam: SSC JE 2018, UPPCL JE 2016, RRB JE 2019
  • A) Fore Sight (F.S.)
  • B) Back Sight (B.S.)
  • C) Intermediate Sight (I.S.)
  • D) Both B.S. and F.S.
✔ सही उत्तर: C) Intermediate Sight (I.S.)
विस्तृत व्याख्या:
  • H.I. विधि का चेक: ΣB.S. - ΣF.S. = Last R.L. - First R.L.
  • इस विधि में Intermediate Sights (I.S.) के लिए कोई अलग से गणितीय जाँच (Check) नहीं होती है। इसलिए यदि I.S. निकालने में कोई गलती हो जाए, तो अंत तक पता नहीं चलता।
  • Rise & Fall विधि: इसमें ΣB.S. - ΣF.S. = ΣRise - ΣFall = Last R.L. - First R.L. होता है, जो सभी रीडिंग्स (I.S. सहित) को चेक करता है। इसलिए Rise & Fall विधि अधिक सटीक मानी जाती है।
Q12. अलग-अलग ऊँचाई की समोच्च रेखाएँ (Contour lines) एक साथ मिलकर एक ही रेखा केवल किस स्थिति में बना सकती हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2017
  • A) पहाड़ी (Hill)
  • B) ओवरहैंगिंग क्लिफ (Overhanging cliff)
  • C) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
  • D) घाटी (Valley)
✔ सही उत्तर: C) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
विस्तृत व्याख्या:
  • नियम: समोच्च रेखाएँ कभी भी एक-दूसरे को काटती (cross) या मिलती (unite) नहीं हैं।
  • अपवाद 1: Vertical Cliff (ऊर्ध्वाधर चट्टान): केवल इसी स्थिति में अलग-अलग ऊँचाई (Elevations) की समोच्च रेखाएँ एक ही बिंदु पर आकर मिलती हैं और एक रेखा बनाती हैं।
  • अपवाद 2: Overhanging Cliff: इस स्थिति में समोच्च रेखाएँ एक-दूसरे को पार (Cross) करती हुई दिखाई देती हैं।
Q13. एक टैकोमीटर (Tacheometer) का गुणक स्थिरांक (Multiplying constant) क्या होता है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2015, RSMSSB JE 2020
  • A) f + d
  • B) f / i
  • C) f / d
  • D) f × i
✔ सही उत्तर: B) f / i
विस्तृत व्याख्या:
  • टैकोमेट्री में दूरी निकालने का सूत्र: D = kS + C
  • Multiplying Constant (k): इसका मान f / i होता है। (जहाँ f = फोकल लंबाई, i = स्टेडिया इंटरवल)। आधुनिक उपकरणों में इसका मान 100 रखा जाता है।
  • Additive Constant (C): इसका मान f + d होता है। एनालेक्टिक लेंस (Analactic lens) लगे होने पर इसका मान 0 (शून्य) हो जाता है।
Q14. थियोडोलाइट में दूरबीन (Telescope) को ऊर्ध्वाधर अक्ष (Vertical axis) के परितः क्षैतिज तल (Horizontal plane) में घुमाने की प्रक्रिया क्या कहलाती है?
Exam: LMRC JE 2017, RRB JE 2014
  • A) Plunging
  • B) Transiting
  • C) Swinging
  • D) Pitching
✔ सही उत्तर: C) Swinging
विस्तृत व्याख्या:
  • Swinging (स्विंगिंग): दूरबीन को क्षैतिज तल (Horizontal Plane) में दाएँ या बाएँ घुमाना (जैसे हम पंखे को इधर-उधर घुमाते हैं)।
  • Transiting / Plunging / Reversing: दूरबीन को क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis/Trunnion axis) के परितः ऊर्ध्वाधर तल (Vertical Plane) में 180° पर घुमाना (उल्टा करना)।
Q15. लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन के लिए संयुक्त संशोधन (Combined correction for curvature and refraction) क्या है? (जहाँ D किलोमीटर में है)
Exam: SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) -0.0785 D2
  • B) -0.0673 D2
  • C) +0.0112 D2
  • D) +0.0673 D2
✔ सही उत्तर: B) -0.0673 D2
विस्तृत व्याख्या:
  • Curvature Correction (Cc): यह हमेशा ऋणात्मक (-) होता है। Cc = -0.0785 D2 (मीटर में)।
  • Refraction Correction (Cr): यह हमेशा धनात्मक (+) होता है और Cc का 1/7 वां भाग होता है। Cr = +0.0112 D2 (मीटर में)।
  • Combined Correction (C): C = Cc + Cr = -0.0785 D2 + 0.0112 D2 = -0.0673 D2 (जहाँ D उपकरण से स्टाफ की दूरी किलोमीटर में है)।
Q16. इनवार टेप (Invar tape) किस मिश्र धातु (alloy) से बना होता है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, SSC JE 2014
  • A) कॉपर और जिंक (Copper & Zinc)
  • B) स्टील और निकल (Steel & Nickel)
  • C) स्टील और कॉपर (Steel & Copper)
  • D) पीतल और निकल (Brass & Nickel)
✔ सही उत्तर: B) स्टील और निकल (Steel & Nickel)
विस्तृत व्याख्या:
  • Invar Tape: यह बेस लाइन (Base line) को सबसे अधिक सटीकता से मापने के लिए प्रयोग किया जाता है।
  • मिश्र धातु: यह 64% स्टील (Steel) और 36% निकल (Nickel) का मिश्र धातु होता है।
  • विशेषता: इसका तापीय प्रसार गुणांक (Coefficient of thermal expansion) बहुत कम होता है, इसलिए तापमान बदलने पर इसकी लंबाई में ना के बराबर परिवर्तन होता है।
Q17. बोडिच का नियम (Bowditch's rule) किस लिए लागू किया जाता है?
Exam: UPPCL JE 2019, RPSC JE 2016
  • A) लेवलिंग (Leveling) में
  • B) टैकोमेट्री (Tacheometry) में
  • C) बंद चक्रमण (Closed traverse) की त्रुटि को संतुलित करने के लिए
  • D) कंटूरिंग (Contouring) में
✔ सही उत्तर: C) बंद चक्रमण (Closed traverse) की त्रुटि को संतुलित करने के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Bowditch Rule (Compass Rule): इसका उपयोग बंद ट्रैवर्स (Closed Traverse) में Closing Error को संतुलित (Adjust) करने के लिए किया जाता है।
  • यह नियम तब लागू किया जाता है जब रैखिक माप (Linear measurements) और कोणीय माप (Angular measurements) दोनों समान सटीकता (equal precision) से लिए गए हों।
  • यदि कोणीय माप (थियोडोलाइट से) अधिक सटीक हैं, तो Transit Rule का प्रयोग किया जाता है।
Q18. लेवल ट्यूब की संवेदनशीलता (Sensitiveness of a bubble tube) को कैसे बढ़ाया जा सकता है?
Exam: SSC JE 2017, DSSSB JE 2019
  • A) ट्यूब की त्रिज्या कम करके
  • B) तरल की श्यानता (viscosity) बढ़ाकर
  • C) ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Internal radius) बढ़ाकर
  • D) ट्यूब की लंबाई कम करके
✔ सही उत्तर: C) ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Internal radius) बढ़ाकर
विस्तृत व्याख्या:
  • संवेदनशीलता बढ़ाने के कारक (Factors increasing sensitiveness):
    1. ट्यूब की आंतरिक त्रिज्या (Radius of curvature) बढ़ाकर।
    2. बबल ट्यूब की लंबाई (Length of bubble) बढ़ाकर।
    3. ट्यूब के अंदर के तरल की श्यानता (Viscosity) और पृष्ठ तनाव (Surface tension) कम करके (न कि बढ़ाकर)।
    4. ट्यूब की आंतरिक सतह की चिकनाई (Smoothness) बढ़ाकर।
Q19. सर्वेक्षण (Surveying) में 'ऑफसेट' (Offset) क्या है?
Exam: RRB JE 2015, SSC JE 2016
  • A) एक सर्वेक्षण उपकरण
  • B) चेन लाइन से मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral distance)
  • C) एक प्रकार की त्रुटि
  • D) एक सर्वेक्षण स्टेशन
✔ सही उत्तर: B) चेन लाइन से मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral distance)
विस्तृत व्याख्या:
  • Offset: किसी विवरण (जैसे पेड़, इमारत, बाउंड्री) की स्थिति को मैप पर दर्शाने के लिए मुख्य सर्वेक्षण रेखा (Chain Line) से दाहिने या बाएँ मापी गई पार्श्व दूरी (Lateral measurement) को ऑफसेट कहा जाता है।
  • यह दो प्रकार का होता है: Perpendicular Offset (ठीक 90° पर मापा गया) और Oblique Offset (90° के अलावा किसी अन्य कोण पर)।
Q20. संक्रमण वक्र (Transition curve) का एक महत्वपूर्ण गुण यह है कि इसकी त्रिज्या (Radius)...
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) पूरी लंबाई में स्थिर (constant) रहती है
  • B) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के अनुक्रमानुपाती (directly proportional) होती है
  • C) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती (inversely proportional) होती है
  • D) शून्य होती है
✔ सही उत्तर: C) प्रारंभ से मापी गई लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती (inversely proportional) होती है
विस्तृत व्याख्या:
  • Transition Curve: यह सीधी सड़क और गोलाकार वक्र (Circular curve) के बीच प्रदान किया जाता है ताकि अपकेंद्री बल (Centrifugal force) धीरे-धीरे लगे।
  • मुख्य गुण: इसकी त्रिज्या (R) प्रारंभ में अनंत (∞) होती है और जैसे-जैसे लंबाई (L) बढ़ती है, त्रिज्या कम होती जाती है। यानी त्रिज्या, लंबाई के व्युत्क्रमानुपाती होती है (R ∝ 1/L) या R × L = Constant
  • भारत में रेलवे और हाईवे के लिए आमतौर पर Cubic Parabola और Spiral (Clothoid) का उपयोग किया जाता है।
``` यहाँ

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 3)

Q21. पृथ्वी की सतह पर शून्य चुंबकीय दिक्पात (Zero magnetic declination) वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली काल्पनिक रेखाओं को क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2017, UKPSC JE 2013, LMRC JE 2017
  • A) समदिक्पाती रेखाएँ (Isogonic lines)
  • B) शून्य दिक्पाती रेखाएँ (Agonic lines)
  • C) समनतिक रेखाएँ (Isoclinic lines)
  • D) शून्य नतिक रेखाएँ (Aclinic lines)
✔ सही उत्तर: B) शून्य दिक्पाती रेखाएँ (Agonic lines)
विस्तृत व्याख्या:
  • Agonic Lines (शून्य दिक्पाती रेखाएँ): वे रेखाएँ जो शून्य (Zero) चुंबकीय दिक्पात वाले स्थानों को जोड़ती हैं।
  • Isogonic Lines (समदिक्पाती रेखाएँ): वे रेखाएँ जो समान (Equal) चुंबकीय दिक्पात वाले स्थानों को जोड़ती हैं।
  • Isoclinic Lines: समान नति (Equal Dip) वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली रेखाएँ।
  • Aclinic Lines (Magnetic Equator): शून्य नति (Zero Dip) वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली रेखाएँ।
Q22. प्लेन टेबल सर्वेक्षण (Plane Table Surveying) का मुख्य सिद्धांत (Principle) क्या है?
Exam: RRB JE 2019, SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) त्रिकोणीयन (Triangulation)
  • B) चक्रमण (Traversing)
  • C) समानांतरता (Parallelism)
  • D) संपूर्ण से अंश की ओर (Whole to part)
✔ सही उत्तर: C) समानांतरता (Parallelism)
विस्तृत व्याख्या:
  • प्लेन टेबल सर्वेक्षण का मुख्य सिद्धांत समानांतरता (Parallelism) है।
  • इसका अर्थ है कि प्लेन टेबल के प्रत्येक स्टेशन पर, ड्राइंग शीट पर खींची गई सभी रेखाएं जमीन पर मौजूद संबंधित वास्तविक रेखाओं के बिल्कुल समानांतर (Parallel) होनी चाहिए।
  • यही कारण है कि प्लेन टेबल को हर नए स्टेशन पर ले जाने के बाद सबसे पहले उसका दिक्स्थापन (Orientation) किया जाता है।
Q23. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में 'थ्री-पॉइंट प्रॉब्लम' (Three-point problem) को हल करने की सबसे सटीक और तेज़ विधि कौन सी है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2015
  • A) ट्रेसिंग पेपर विधि (Tracing paper method / Mechanical method)
  • B) बेसेल की विधि (Bessel's method / Graphical method)
  • C) लेहमैन की विधि (Lehmann's method / Trial and error method)
  • D) प्रतिच्छेदन विधि (Intersection method)
✔ सही उत्तर: C) लेहमैन की विधि (Lehmann's method)
विस्तृत व्याख्या:
  • Three-point problem: यह 'Resection' (स्थिति निर्धारण) का एक तरीका है, जिसमें 3 ज्ञात बिंदुओं की मदद से प्लेन टेबल के स्टेशन की स्थिति का पता लगाया जाता है।
  • Lehmann's Method (लेहमैन की विधि): इसे Trial and Error Method (प्रयास एवं त्रुटि विधि) भी कहा जाता है। यह थ्री-पॉइंट प्रॉब्लम को हल करने की सबसे तेज (Quickest) और सबसे सटीक (Most accurate) विधि है।
Q24. यदि मापन के लिए इस्तेमाल की गई चेन अपनी मानक लंबाई से बहुत लंबी (too long) थी, तो मापी गई दूरी (Measured length) कैसी होगी?
Exam: RSMSSB JE 2020, RRB JE 2014
  • A) वास्तविक दूरी के बराबर (Equal)
  • B) वास्तविक दूरी से अधिक (Greater/Too long)
  • C) वास्तविक दूरी से कम (Less/Too short)
  • D) शून्य (Zero)
✔ सही उत्तर: C) वास्तविक दूरी से कम (Less/Too short)
विस्तृत व्याख्या:
  • नियम (Concept): यदि चेन वास्तविक लंबाई से बड़ी (Too long) हो जाती है, तो वह एक बार में ज्यादा जमीन कवर करेगी। इसलिए, यह कुल दूरी को कम बार नापेगी।
  • निष्कर्ष: लंबी चेन से मापी गई दूरी हमेशा वास्तविक दूरी से कम (Too short) आती है। इसमें होने वाली त्रुटि (Error) ऋणात्मक (Negative) होती है और संशोधन (Correction) धनात्मक (Positive) होता है।
Q25. जो त्रुटियाँ हमेशा एक ही दिशा में होती हैं और एक दूसरे में जुड़ती जाती हैं (accumulate), उन्हें क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2016, DSSSB JE 2019
  • A) समकारी त्रुटियाँ (Compensating errors)
  • B) आकस्मिक त्रुटियाँ (Accidental errors)
  • C) संचयी त्रुटियाँ (Cumulative/Systematic errors)
  • D) मानवीय गलतियाँ (Mistakes)
✔ सही उत्तर: C) संचयी त्रुटियाँ (Cumulative/Systematic errors)
विस्तृत व्याख्या:
  • Systematic/Cumulative Errors (क्रमबद्ध/संचयी त्रुटियाँ): ये त्रुटियाँ भौतिक नियमों का पालन करती हैं। ये हमेशा एक ही दिशा (या तो केवल धनात्मक या केवल ऋणात्मक) में होती हैं और जुड़ती जाती हैं। (उदा: गलत लंबाई की चेन का उपयोग)।
  • Compensating/Accidental Errors (समकारी/आकस्मिक त्रुटियाँ): ये त्रुटियाँ संयोगवश होती हैं। कभी ये धनात्मक होती हैं तो कभी ऋणात्मक, जिससे ये एक-दूसरे के प्रभाव को खत्म (cancel) कर देती हैं।
Q26. दो चोटियों (peaks) या पहाड़ियों के बीच के निचले हिस्से (depression) को समोच्च रेखाओं (contours) के संदर्भ में क्या कहा जाता है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, UPPCL JE 2019
  • A) रिज (Ridge)
  • B) सैडल (Saddle)
  • C) वाटरशेड (Watershed)
  • D) एस्केर्पमेंट (Escarpment)
✔ सही उत्तर: B) सैडल (Saddle)
विस्तृत व्याख्या:
  • Saddle (सैडल): दो पहाड़ियों या चोटियों (Peaks) के बीच के निचले हिस्से (Dip/Depression) को सैडल कहते हैं। यह घोड़े की काठी (Saddle) के आकार का होता है।
  • सैडल के सबसे निचले बिंदु को पास (Pass) या कोल (Col) कहा जाता है। नक्शे पर यह दो अलग-अलग बंद समोच्च वृत्तों (closed contours) के बीच का खाली स्थान होता है।
Q27. यदि ढलान का कोण 'θ' है, तो 'L' लंबाई की चेन के लिए कर्ण भत्ता (Hypotenusal allowance) क्या होगा?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) L(cosθ - 1)
  • B) L(1 - cosθ)
  • C) L(secθ - 1)
  • D) L(1 - secθ)
✔ सही उत्तर: C) L(secθ - 1)
विस्तृत व्याख्या:
  • जब जमीन ढलान (Slope) वाली होती है, तो ढलान पर मापी गई दूरी क्षैतिज दूरी (Horizontal distance) से अधिक होती है।
  • चैनिंग करते समय चेन को ढलान पर जितना आगे बढ़ाना पड़ता है, उसे Hypotenusal Allowance कहते हैं।
  • सूत्र: Hypotenusal Allowance = L × secθ - L = L(secθ - 1) (जहाँ L = एक चेन की लंबाई, और θ = ढलान का कोण)।
Q28. एक मानक वर्नियर थियोडोलाइट (Vernier theodolite) का अल्पतमांक (Least count) कितना होता है?
Exam: SSC JE 2017, RPSC JE 2016
  • A) 1 मिनट (1')
  • B) 20 सेकंड (20")
  • C) 1 सेकंड (1")
  • D) 30 सेकंड (30")
✔ सही उत्तर: B) 20 सेकंड (20")
विस्तृत व्याख्या:
  • अल्पतमांक (Least Count): किसी उपकरण द्वारा मापा जा सकने वाला सबसे छोटा मान।
  • Vernier Theodolite: इसका अल्पतमांक 20 सेकंड (20") होता है।
  • Optical/Micro-optic Theodolite: इसका अल्पतमांक 1 सेकंड (1") तक हो सकता है।
  • Prismatic Compass: 30 मिनट (30')
  • Surveyor's Compass: 15 मिनट (15')
Q29. एक निश्चित संदर्भ बिंदु (Reference point) जिसकी ऊँचाई (Elevation) पहले से ज्ञात होती है, उसे क्या कहा जाता है?
Exam: RRB JE 2015, DDA JE 2018
  • A) डेटम (Datum)
  • B) बेंचमार्क (Benchmark)
  • C) रिड्यूस्ड लेवल (R.L.)
  • D) टर्निंग पॉइंट (Turning Point / T.P.)
✔ सही उत्तर: B) बेंचमार्क (Benchmark)
विस्तृत व्याख्या:
  • Benchmark (B.M.): यह जमीन पर एक स्थायी (permanent) या अस्थायी (temporary) संदर्भ बिंदु होता है जिसकी ऊँचाई Mean Sea Level (MSL) या किसी अन्य डेटम के सापेक्ष ज्ञात होती है। सर्वेक्षण कार्य इसी बिंदु से शुरू किया जाता है।
  • Datum (डेटम): वह काल्पनिक समतल सतह जिसके सापेक्ष ऊँचाइयां मापी जाती हैं (भारत में MSL - मुंबई हाई)।
Q30. सड़क पर संक्रमण वक्र (Transition curve) देने के कारण मुख्य वृत्ताकार वक्र (Circular curve) के खिसकाव (Shift) का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2014, UKPSC JE 2013
  • A) L / 24R
  • B) L2 / 24R
  • C) L2 / 12R
  • D) L3 / 6R
✔ सही उत्तर: B) L2 / 24R
विस्तृत व्याख्या:
  • संक्रमण वक्र (Transition Curve) डालने के लिए, मुख्य वृत्ताकार वक्र को उसके मूल स्थान से थोड़ा अंदर की ओर खिसकाना पड़ता है। इसे Shift of Curve (S) कहते हैं।
  • सूत्र: S = L2 / 24R
  • जहाँ, L = संक्रमण वक्र की कुल लंबाई (Length of transition curve), और R = वृत्ताकार वक्र की त्रिज्या (Radius of circular curve)।
``` यहाँ

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 4)

Q31. क्षेत्रफल निकालने के लिए सिम्पसन का नियम (Simpson's rule) केवल तभी लागू होता है जब कोटियों (Ordinates) की संख्या हो:
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2015, DDA JE 2018
  • A) सम (Even)
  • B) विषम (Odd)
  • C) कोई भी संख्या (Any number)
  • D) 3 का गुणज (Multiple of 3)
✔ सही उत्तर: B) विषम (Odd)
विस्तृत व्याख्या:
  • सिम्पसन का नियम: इस नियम को परवलयिक नियम (Parabolic rule) भी कहा जाता है। यह क्षेत्रफल निकालने की सबसे सटीक विधि है।
  • शर्त: यह नियम केवल तभी लागू किया जा सकता है जब ऑफसेट/कोटियों (Ordinates) की संख्या विषम (Odd) हो, अर्थात विभाजनों (segments/divisions) की संख्या सम (Even) हो।
  • यदि कोटियों की संख्या सम (Even) है, तो अंतिम खंड का क्षेत्रफल समलंब नियम (Trapezoidal Rule) से अलग से निकाला जाता है।
Q32. भूमध्य रेखा (Equator) पर चुंबकीय सुई का नमन/नति (Dip of the magnetic needle) कितना होता है?
Exam: UKPSC JE 2013, UPPCL JE 2019, MP Vyapam JE 2017
  • A) 90°
  • B) 45°
  • C) 0°
  • D) 180°
✔ सही उत्तर: C) 0°
विस्तृत व्याख्या:
  • चुंबकीय नति (Dip): पृथ्वी के चुंबकीय क्षेत्र की दिशा और क्षैतिज सतह (Horizontal surface) के बीच का कोण 'Dip' कहलाता है।
  • भूमध्य रेखा (Equator) पर: चुंबकीय बल रेखाएं पृथ्वी की सतह के समानांतर होती हैं, इसलिए यहाँ Dip का मान 0° (शून्य) होता है।
  • ध्रुवों (Poles) पर: चुंबकीय सुई सीधी (ऊर्ध्वाधर) खड़ी हो जाती है, इसलिए यहाँ Dip का मान 90° होता है।
Q33. एक प्लैनीमीटर (Planimeter) का उपयोग मुख्य रूप से क्या मापने के लिए किया जाता है?
Exam: SSC JE 2018, RSMSSB JE 2020
  • A) आयतन (Volume)
  • B) क्षेत्रफल (Area)
  • C) ढलान का कोण (Angle of slope)
  • D) समोच्च अंतराल (Contour interval)
✔ सही उत्तर: B) क्षेत्रफल (Area)
विस्तृत व्याख्या:
  • Planimeter: यह एक यांत्रिक (Mechanical) उपकरण है जिसका उपयोग किसी नक्शे (Map) या प्लान पर बनी अनियमित आकृतियों (Irregular figures) का क्षेत्रफल (Area) मापने के लिए किया जाता है।
  • इसमें एक एंकर पॉइंट, एक ट्रेसिंग पॉइंट और एक व्हील (Measuring wheel) होता है।
  • आयतन (Volume) मापने के लिए इसका इस्तेमाल नहीं किया जाता।
Q34. हवाई फोटोग्राफी (Aerial Photogrammetry) में, वह बिंदु जहाँ कैमरे के प्रकाशिक केंद्र (Optical center) से गिरने वाली साहुल रेखा (Plumb line) फोटोग्राफ को काटती है, क्या कहलाता है?
Exam: SSC JE 2016, LMRC JE 2017
  • A) मुख्य बिंदु (Principal point)
  • B) नादिर बिंदु (Nadir point)
  • C) समकेंद्र (Isocenter)
  • D) साहुल बिंदु (Plumb point)
✔ सही उत्तर: B) नादिर बिंदु (Nadir point)
विस्तृत व्याख्या:
  • Nadir Point (नादिर बिंदु): कैमरे के ऑप्टिकल सेंटर से खींची गई ऊर्ध्वाधर रेखा (Plumb line) फोटोग्राफ के प्लेन को जिस बिंदु पर काटती है, उसे नादिर बिंदु कहते हैं। राहत विस्थापन (Relief displacement) इसी बिंदु से विकीर्ण (radiate) होता है।
  • Principal Point (मुख्य बिंदु): ऑप्टिकल सेंटर से फोटोग्राफ के प्लेन पर खींचा गया लंब (Perpendicular) जिस बिंदु पर मिलता है।
  • Isocenter: मुख्य बिंदु और नादिर बिंदु के बीच का कोण समद्विभाजक (angle bisector) जहाँ फोटोग्राफ को काटता है।
Q35. किसी मानचित्र पर समोच्च अंतराल (Contour interval) उस मानचित्र के पैमाने (Scale) के साथ कैसे संबंधित होता है?
Exam: RRB JE 2014, SSC JE 2014
  • A) पैमाने के अनुक्रमानुपाती (Directly proportional)
  • B) पैमाने के व्युत्क्रमानुपाती (Inversely proportional)
  • C) पैमाने से स्वतंत्र (Independent of scale)
  • D) पैमाने के वर्ग के व्युत्क्रमानुपाती
✔ सही उत्तर: B) पैमाने के व्युत्क्रमानुपाती (Inversely proportional)
विस्तृत व्याख्या:
  • समोच्च अंतराल (Contour Interval): दो लगातार समोच्च रेखाओं के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी (Vertical distance)।
  • पैमाने के साथ संबंध: Contour Interval 1 / Scale
  • यदि मानचित्र का पैमाना बड़ा (Large scale) है (जैसे कोई छोटी बिल्डिंग का प्लान), तो समोच्च अंतराल छोटा (कम) रखा जाता है।
  • यदि मानचित्र का पैमाना छोटा (Small scale) है (जैसे किसी पूरे राज्य का नक्शा), तो समोच्च अंतराल बड़ा रखा जाता है ताकि नक्शे पर बहुत अधिक भीड़ न हो जाए।
Q36. दृष्टि रेखा (Line of Collimation) क्रॉस-हेयर के प्रतिच्छेदन (Intersection) से होकर कहाँ तक जाने वाली एक काल्पनिक रेखा है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2017
  • A) अभिदृश्यक लेंस का प्रकाशिक केंद्र (Optical center of the objective)
  • B) नेत्रिका का प्रकाशिक केंद्र (Optical center of the eyepiece)
  • C) उपकरण का ज्यामितीय केंद्र (Center of the instrument)
  • D) बबल ट्यूब का केंद्र (Center of the bubble)
✔ सही उत्तर: A) अभिदृश्यक लेंस का प्रकाशिक केंद्र (Optical center of the objective)
विस्तृत व्याख्या:
  • Line of Collimation (दृष्टि रेखा): यह एक काल्पनिक रेखा है जो क्रॉस-हेयर (Cross-hairs) के प्रतिच्छेदन बिंदु से शुरू होकर ऑब्जेक्टिव ग्लास (Objective Glass/Lens) के प्रकाशिक केंद्र (Optical center) से गुजरती है और आगे बढ़ती है।
  • इसे Line of Sight भी कहा जाता है जब उपकरण पूरी तरह से समतल (लेवल) स्थिति में होता है।
Q37. सर्वेक्षण क्षेत्र के मध्य से गुजरने वाली सबसे लंबी रेखा जो पूरे क्षेत्र को दो भागों में बांटती है, क्या कहलाती है?
Exam: UPSSSC JE 2016, SSC JE 2018
  • A) आधार रेखा (Base line)
  • B) टाई रेखा (Tie line)
  • C) चेक रेखा (Check line)
  • D) मुख्य रेखा (Main line)
✔ सही उत्तर: A) आधार रेखा (Base line)
विस्तृत व्याख्या:
  • Base Line (आधार रेखा): यह चेन सर्वेक्षण में सबसे लंबी और सबसे महत्वपूर्ण मुख्य रेखा (Main survey line) होती है। पूरा सर्वेक्षण इसी रेखा के ढांचे पर निर्भर करता है।
  • Check Line (जांच रेखा): इसका उपयोग सर्वेक्षण की सटीकता (Accuracy) जांचने के लिए किया जाता है। इसे Proof line भी कहते हैं।
  • Tie Line (टाई रेखा): यह आंतरिक विवरणों (Interior details) को सटीकता से लेने के लिए मुख्य सर्वेक्षण रेखाओं के बीच खींची जाती है।
Q38. थियोडोलाइट के दोनों वर्नियर (Verniers A और B) को पढ़ने से किस प्रकार की त्रुटि समाप्त हो जाती है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2015
  • A) दृष्टि रेखा की त्रुटि (Error of collimation)
  • B) केंद्रों की उत्केंद्रता के कारण त्रुटि (Error due to eccentricity of centers)
  • C) क्षैतिज अक्ष के गैर-क्षैतिज होने की त्रुटि (Error due to non-horizontality of horizontal axis)
  • D) सूचकांक त्रुटि (Index error)
✔ सही उत्तर: B) केंद्रों की उत्केंद्रता के कारण त्रुटि (Error due to eccentricity of centers)
विस्तृत व्याख्या:
  • एक थियोडोलाइट में इनर स्पिंडल का केंद्र (Inner center) और आउटर स्पिंडल का केंद्र (Outer center) पूरी तरह से एक ही ऊर्ध्वाधर रेखा में होने चाहिए। यदि ऐसा नहीं है, तो इसे 'उत्केंद्रता (Eccentricity)' कहते हैं।
  • क्षैतिज वृत्त पर लगे दोनों वर्नियर (Vernier A और Vernier B) की रीडिंग लेकर उनका औसत (Average) निकालने से 'Eccentricity of centers' (केंद्रों की उत्केंद्रता) के कारण होने वाली कोणीय त्रुटि पूरी तरह समाप्त हो जाती है।
Q39. किसी मात्रा के 'सबसे संभावित मान' (Most probable value) और उसके 'देखे गए मान' (Observed value) के बीच के अंतर को क्या कहा जाता है?
Exam: UKPSC JE 2013, DSSSB JE 2019
  • A) वास्तविक त्रुटि (True error)
  • B) अवशिष्ट त्रुटि (Residual error)
  • C) व्यवस्थित त्रुटि (Systematic error)
  • D) सशर्त त्रुटि (Conditional error)
✔ सही उत्तर: B) अवशिष्ट त्रुटि (Residual error)
विस्तृत व्याख्या:
  • True Error (वास्तविक त्रुटि): Observed Value - True Value। (चूँकि ट्रू वैल्यू कभी ज्ञात नहीं होती, इसलिए ट्रू एरर भी कभी ज्ञात नहीं होता)।
  • Residual Error (अवशिष्ट त्रुटि): Observed Value - Most Probable Value। (यह वह त्रुटि है जिसकी गणना हम थ्योरी ऑफ़ एरर्स / Least Squares Method में करते हैं)।
Q40. किसी प्रोजेक्ट के शुरुआती बिंदु को दूर स्थित ज्ञात बेंचमार्क (Benchmark) से जोड़ने के लिए किस प्रकार की लेवलिंग की जाती है?
Exam: RRB JE 2019, SSC JE 2014
  • A) प्रोफाइल लेवलिंग (Profile leveling)
  • B) फ्लाई लेवलिंग (Fly leveling)
  • C) क्रॉस-सेक्शनिंग (Cross-sectioning)
  • D) पारस्परिक लेवलिंग (Reciprocal leveling)
✔ सही उत्तर: B) फ्लाई लेवलिंग (Fly leveling)
विस्तृत व्याख्या:
  • Fly Leveling (फ्लाई लेवलिंग): जब बेंचमार्क (B.M.) कार्य स्थल से बहुत दूर होता है, तो केवल B.S. (Back Sight) और F.S. (Fore Sight) लेते हुए तेजी से काम किया जाता है। इसका उद्देश्य प्रोजेक्ट साइट तक लेवल को ट्रांसफर करना होता है। इसमें Intermediate Sight (I.S.) नहीं ली जाती।
  • Profile Leveling: किसी सड़क, नहर या रेलवे लाइन की सेंटर लाइन (Center line) की ऊंचाई का एलिवेशन निकालने के लिए।
  • Reciprocal Leveling: जब उपकरण को दो स्टेशनों के बीच नहीं रखा जा सकता (जैसे बीच में नदी हो), तब दोनों किनारों से रीडिंग लेकर त्रुटि को समाप्त करने के लिए।
```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 5)

Q41. भूगणितीय सर्वेक्षण (Geodetic Surveying), समतल सर्वेक्षण (Plane Surveying) से किस प्रकार भिन्न है?
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2019, UPSSSC JE 2016
  • A) इसमें अधिक सटीक उपकरणों का उपयोग किया जाता है
  • B) इसमें पृथ्वी की वक्रता (Curvature of earth) को ध्यान में रखा जाता है
  • C) यह केवल छोटे क्षेत्रों के लिए किया जाता है
  • D) इसमें केवल कोणीय माप लिए जाते हैं
✔ सही उत्तर: B) इसमें पृथ्वी की वक्रता (Curvature of earth) को ध्यान में रखा जाता है
विस्तृत व्याख्या:
  • Plane Surveying: इसमें पृथ्वी की सतह को समतल (Flat) माना जाता है। यह छोटे क्षेत्रों (आमतौर पर 195.5 sq. km या 250 sq. km से कम) के लिए किया जाता है।
  • Geodetic Surveying: इसमें पृथ्वी के गोल आकार (Curvature) को हिसाब में लिया जाता है। यह बड़े क्षेत्रों के लिए होता है और इसमें बहुत उच्च परिशुद्धता (high precision) की आवश्यकता होती है।
Q42. समोच्च रेखाएँ (Contour lines) जब किसी नदी या जलधारा (River/Stream) को पार करती हैं, तो वे कैसा आकार (Shape) बनाती हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, DDA JE 2018
  • A) U-आकार, जिसका शीर्ष (apex) बहाव की दिशा में होता है
  • B) V-आकार, जिसका शीर्ष ढलान के नीचे की ओर होता है
  • C) V-आकार, जिसका शीर्ष धारा के विपरीत दिशा (upstream) में होता है
  • D) वे नदी को पार करते समय सीधी रेखाएं बन जाती हैं
✔ सही उत्तर: C) V-आकार, जिसका शीर्ष धारा के विपरीत दिशा (upstream) में होता है
विस्तृत व्याख्या:
  • जब समोच्च रेखाएँ किसी घाटी (Valley) या नदी को पार करती हैं, तो वे V-आकार (V-shape) बनाती हैं।
  • इस V-आकार का नुकीला सिरा (Apex / Vertex) हमेशा उच्च ऊँचाई (Higher elevation) की ओर इशारा करता है, यानी अपस्ट्रीम (Upstream) दिशा में (जहाँ से पानी आ रहा होता है)।
  • रिज (Ridge) के मामले में भी यह U या V आकार बनाती है, लेकिन तब शीर्ष (Apex) निचले एलिवेशन की ओर होता है।
Q43. लेवलिंग में, उपकरण (Instrument) सेट करने के बाद ली जाने वाली सबसे पहली रीडिंग को क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) Fore Sight (F.S.)
  • B) Back Sight (B.S.)
  • C) Intermediate Sight (I.S.)
  • D) Benchmark (B.M.)
✔ सही उत्तर: B) Back Sight (B.S.)
विस्तृत व्याख्या:
  • Back Sight (पश्च दृष्टि): डंपी लेवल (या ऑटो लेवल) स्थापित करने के बाद, किसी ज्ञात ऊँचाई वाले बिंदु (जैसे Benchmark) पर ली गई पहली रीडिंग को Back Sight कहते हैं। यह उपकरण की ऊँचाई (H.I.) निकालने के काम आती है।
  • Fore Sight (अग्र दृष्टि): उपकरण को शिफ्ट करने से ठीक पहले ली गई आखिरी रीडिंग।
  • Intermediate Sight: B.S. और F.S. के बीच ली गई अन्य सभी रीडिंग।
Q44. चैनिंग या टेपिंग में 'झोल संशोधन' (Sag correction) की प्रकृति क्या होती है?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) हमेशा धनात्मक (Always positive)
  • B) हमेशा ऋणात्मक (Always negative)
  • C) धनात्मक या ऋणात्मक हो सकता है
  • D) हमेशा शून्य (Always zero)
✔ सही उत्तर: B) हमेशा ऋणात्मक (Always negative)
विस्तृत व्याख्या:
  • Sag Correction: जब टेप को दो सपोर्ट के बीच हवा में खींचा जाता है, तो वह अपने ही वजन के कारण बीच में झूल (sag) जाता है।
  • यह झूलता हुआ टेप एक परवलय (Parabola/Catenary) का आकार ले लेता है। इसके कारण मापी गई दूरी एक सीधी रेखा की वास्तविक दूरी से हमेशा अधिक आती है (Measured distance > True distance)।
  • चूँकि मापन ज्यादा आ रहा है, इसलिए इसे सही करने के लिए जो संशोधन (Correction) लगाया जाता है, वह हमेशा ऋणात्मक (-) होता है।
Q45. पूर्ण वृत्त दिक्मान (Whole Circle Bearing - WCB) प्रणाली में एक रेखा का दिक्मान 120° है। इसका चतुर्थांश दिक्मान (Quadrantal Bearing - QB) क्या होगा?
Exam: LMRC JE 2017, SSC JE 2015
  • A) N 60° E
  • B) S 60° E
  • C) S 60° W
  • D) N 120° E
✔ सही उत्तर: B) S 60° E
विस्तृत व्याख्या:
  • WCB (120°): यह कोण North (0°) से घड़ी की दिशा (Clockwise) में मापा गया है। 120° का अर्थ है कि रेखा दक्षिण-पूर्व (South-East) चतुर्थांश में है (90° से 180° के बीच)।
  • QB में रूपांतरण (SE Quadrant): सूत्र: QB = 180° - WCB
  • QB = 180° - 120° = 60°। चूँकि दिशा South और East के बीच है, इसे S 60° E लिखा जाएगा।
Q46. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में, किसी नदी के पार या दुर्गम बिंदुओं (Inaccessible points) की स्थिति का पता लगाने के लिए किस विधि का उपयोग किया जाता है?
Exam: RRB JE 2014, UPPCL JE 2019
  • A) विकिरण विधि (Radiation method)
  • B) प्रतिच्छेदन विधि (Intersection method)
  • C) चक्रमण विधि (Traversing method)
  • D) स्थिति निर्धारण (Resection method)
✔ सही उत्तर: B) प्रतिच्छेदन विधि (Intersection method)
विस्तृत व्याख्या:
  • प्रतिच्छेदन (Intersection): इस विधि में किसी बिंदु तक जाने (या दूरी मापने) की आवश्यकता नहीं होती है। दो अलग-अलग ज्ञात स्टेशनों (Base line के सिरों) से उस दुर्गम बिंदु (जैसे नदी के पार पेड़ या पहाड़ी की चोटी) की ओर किरणें (Rays) खींची जाती हैं।
  • जहाँ ये दोनों किरणें आपस में काटती हैं (Intersect करती हैं), वही उस बिंदु की सही स्थिति होती है।
Q47. गंटर्स चेन (Gunter's chain) की मानक लंबाई कितनी होती है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, SSC JE 2014
  • A) 33 फीट
  • B) 66 फीट
  • C) 100 फीट
  • D) 132 फीट
✔ सही उत्तर: B) 66 फीट
विस्तृत व्याख्या:
  • Gunter's Chain (गंटर्स चेन): इसे Surveyor's Chain भी कहा जाता है। इसकी कुल लंबाई 66 फीट होती है।
  • इसमें 100 कड़ियाँ (links) होती हैं, जिसका अर्थ है कि प्रत्येक कड़ी की लंबाई 0.66 फीट (या 7.92 इंच) होती है।
  • क्षेत्रफल मापने के लिए यह बहुत उपयोगी है क्योंकि 10 वर्ग गंटर्स चेन = 1 एकड़ होता है।
  • नोट: 33 फीट वाली चेन Revenue chain होती है और 100 फीट वाली Engineer's chain होती है।
Q48. पारस्परिक लेवलिंग (Reciprocal leveling) किन त्रुटियों को पूरी तरह से समाप्त (Eliminate) कर देती है?
Exam: SSC JE 2017, DDA JE 2018
  • A) केवल वक्रता और अपवर्तन की त्रुटि
  • B) केवल दृष्टि रेखा (Line of collimation) की त्रुटि
  • C) दृष्टि रेखा, पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन (Collimation, Curvature, Refraction)
  • D) उपकरण के गलत संरेखण की त्रुटि
✔ सही उत्तर: C) दृष्टि रेखा, पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन की त्रुटि
विस्तृत व्याख्या:
  • Reciprocal Leveling: जब उपकरण को दो बिंदुओं के ठीक बीच में नहीं रखा जा सकता (जैसे बीच में कोई गहरी नदी हो), तब उपकरण को बारी-बारी से दोनों किनारों पर सेट किया जाता है।
  • इस प्रक्रिया में रीडिंग लेकर जो एलिवेशन का अंतर निकाला जाता है, वह पृथ्वी की वक्रता (Curvature), अपवर्तन (Refraction) और लाइन ऑफ कोलिमेशन के झुकाव के कारण होने वाली त्रुटियों से पूरी तरह मुक्त होता है।
Q49. टैकोमीटर (Tacheometer) में लगा एनालेक्टिक लेंस (Anallactic lens) किस प्रकार का लेंस होता है?
Exam: SSC JE 2018, UKPSC JE 2013
  • A) अवतल लेंस (Concave lens)
  • B) उत्तल लेंस (Convex lens)
  • C) समतलोत्तल लेंस (Plano-convex lens)
  • D) बेलनाकार लेंस (Cylindrical lens)
✔ सही उत्तर: B) उत्तल लेंस (Convex lens)
विस्तृत व्याख्या:
  • Anallactic Lens: यह एक विशेष उत्तल लेंस (Convex lens) होता है जिसे टैकोमीटर की दूरबीन में ऑब्जेक्टिव ग्लास और आई-पीस के बीच लगाया जाता है।
  • मुख्य उद्देश्य: इसे लगाने से टैकोमीटर का योजक स्थिरांक (Additive Constant 'C') शून्य (0) हो जाता है। इससे दूरी निकालने के सूत्र (D = kS + C) में गणना बहुत आसान हो जाती है (D = 100 × S)।
Q50. थियोडोलाइट में 'स्पायर टेस्ट' (Spire test) का उपयोग किस स्थायी समायोजन (Permanent adjustment) की जांच के लिए किया जाता है?
Exam: RPSC JE 2016, UPSSSC JE 2016
  • A) प्लेट लेवल अक्ष को ऊर्ध्वाधर अक्ष के लंबवत करना
  • B) दृष्टि रेखा को क्षैतिज अक्ष के लंबवत करना
  • C) क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis) को ऊर्ध्वाधर अक्ष (Vertical axis) के लंबवत करना
  • D) बबल ट्यूब को दृष्टि रेखा के समानांतर करना
✔ सही उत्तर: C) क्षैतिज अक्ष को ऊर्ध्वाधर अक्ष के लंबवत करना
विस्तृत व्याख्या:
  • Spire Test (स्पायर परीक्षण): थियोडोलाइट के क्षैतिज अक्ष (Horizontal / Trunnion axis) का ऊर्ध्वाधर अक्ष (Vertical axis) के बिल्कुल लंबवत (90°) होना आवश्यक है, ताकि दूरबीन को ऊर्ध्वाधर तल (Vertical plane) में घुमाने पर वह एक सीधी खड़ी रेखा का निर्माण करे।
  • इस समायोजन (Adjustment) की जांच और इसे सही करने के लिए ही Spire Test किया जाता है। ऊँची इमारतों (या चर्च के स्पायर) को देखकर यह परीक्षण किया जाता है।
``` यहाँ

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 6)

Q51. प्रकाशिक गुनिया (Optical square) किस सिद्धांत पर कार्य करता है?
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2015, DDA JE 2018
  • A) अपवर्तन (Refraction)
  • B) परावर्तन (Reflection)
  • C) दोहरा परावर्तन (Double reflection)
  • D) व्यतिकरण (Interference)
✔ सही उत्तर: C) दोहरा परावर्तन (Double reflection)
विस्तृत व्याख्या:
  • Optical Square: यह 90° का कोण (समकोण / Perpendicular offset) स्थापित करने के लिए उपयोग किया जाने वाला एक उपकरण है।
  • सिद्धांत: यह 'Double Reflection' (दोहरे परावर्तन) के सिद्धांत पर कार्य करता है। इसमें दो दर्पण (Mirrors) एक-दूसरे के साथ 45° के कोण पर लगे होते हैं।
  • नियम के अनुसार, यदि दो दर्पण θ कोण पर हैं, तो किरण का कुल विचलन (Deviation) 2θ होता है (यानी 2 × 45° = 90°)।
Q52. एक अच्छी तरह से अनुकूलित त्रिभुज (Well-conditioned triangle) में कोई भी कोण किससे कम नहीं होना चाहिए?
Exam: UPSSSC JE 2016, SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) 20°
  • B) 30°
  • C) 45°
  • D) 60°
✔ सही उत्तर: B) 30°
विस्तृत व्याख्या:
  • चेन सर्वेक्षण में, पूरे क्षेत्र को त्रिभुजों (Triangles) में बांटा जाता है।
  • Well-conditioned Triangle: वह त्रिभुज जिसका कोई भी कोण 30° से कम और 120° से अधिक नहीं होता है। इससे नक्शे पर प्लॉट करते समय त्रुटि की संभावना बहुत कम हो जाती है।
  • सबसे बेहतरीन (Best) अनुकूलित त्रिभुज एक समबाहु त्रिभुज (Equilateral triangle) होता है जिसके सभी कोण 60° के होते हैं।
Q53. चक्रमण (Traversing) में, समापन त्रुटि (Closing error - 'e') का परिमाण (Magnitude) ज्ञात करने का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) ΣL + ΣD
  • B) √(ΣL² + ΣD²)
  • C) ΣL / ΣD
  • D) √(ΣL + ΣD)
✔ सही उत्तर: B) √(ΣL² + ΣD²)
विस्तृत व्याख्या:
  • एक बंद ट्रैवर्स (Closed traverse) में, सभी अक्षांशों का योग (ΣL) और सभी देशांतरों का योग (ΣD) शून्य (0) होना चाहिए।
  • यदि ऐसा नहीं है, तो ट्रैवर्स पूरी तरह से बंद नहीं हुआ है। बची हुई दूरी को Closing Error (e) कहते हैं।
  • पाइथागोरस प्रमेय के अनुसार, e = √(ΣL² + ΣD²)
  • इस त्रुटि की दिशा (Angle θ) निकालने का सूत्र: tanθ = ΣD / ΣL
Q54. प्रिज्मीय कम्पास (Prismatic Compass) में कौन सी अंशांकन प्रणाली (Graduation system) का उपयोग किया जाता है?
Exam: UKPSC JE 2013, UPPCL JE 2019
  • A) पूर्ण वृत्त दिक्मान प्रणाली (WCB System)
  • B) चतुर्थांश दिक्मान प्रणाली (QB System / Reduced Bearing)
  • C) दोनों ए और बी
  • D) इनमें से कोई नहीं
✔ सही उत्तर: A) पूर्ण वृत्त दिक्मान प्रणाली (WCB System)
विस्तृत व्याख्या:
  • Prismatic Compass: इसमें Whole Circle Bearing (WCB) प्रणाली का उपयोग किया जाता है। रीडिंग 0° से 360° तक होती है और हमेशा नॉर्थ (North) से क्लॉकवाइज (Clockwise) मापी जाती है। इसमें 0° दक्षिण (South) सिरे पर छपा होता है।
  • Surveyor's Compass: इसमें Quadrantal Bearing (QB) प्रणाली का उपयोग होता है (0° से 90° तक)। नॉर्थ और साउथ दोनों पर 0° तथा ईस्ट और वेस्ट पर 90° छपा होता है।
Q55. मानचित्र के सिकुड़ने (Shrinkage of map) के बाद, ज़मीन की सही दूरी (Correct distance) निकालने का सूत्र क्या है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2014
  • A) Measured distance / Shrinkage factor
  • B) Measured distance × Shrinkage factor
  • C) Measured distance / Shrunk scale
  • D) Measured distance × Shrunk scale
✔ सही उत्तर: A) Measured distance / Shrinkage factor
विस्तृत व्याख्या:
  • समय के साथ कागज़ (नक्शा) सिकुड़ जाता है, जिससे उस पर मापी गई दूरी गलत आती है।
  • Shrinkage Factor (S.F.) = Shrunk Length / Original Length
  • सही दूरी (Correct distance) = नक्शे पर मापी गई दूरी (Measured distance) / Shrinkage Factor
  • नोट: सही क्षेत्रफल (Correct Area) = Measured Area / (S.F.)²
Q56. भारत में मुख्य 'बेंचमार्क' (GTS Benchmark) किस विभाग द्वारा स्थापित किए जाते हैं?
Exam: RRB JE 2014, SSC JE 2017
  • A) राज्य लोक निर्माण विभाग (State PWD)
  • B) भारतीय सर्वेक्षण विभाग (Survey of India)
  • C) भारतीय रेलवे (Indian Railways)
  • D) केंद्रीय लोक निर्माण विभाग (CPWD)
✔ सही उत्तर: B) भारतीय सर्वेक्षण विभाग (Survey of India)
विस्तृत व्याख्या:
  • GTS Benchmark (Great Trigonometrical Survey B.M.): ये भारत में सबसे उच्च परिशुद्धता वाले बेंचमार्क हैं।
  • इन्हें Survey of India (भारतीय सर्वेक्षण विभाग) द्वारा पूरे देश में स्थापित किया गया है।
  • इनका एलिवेशन (ऊँचाई) 'Mean Sea Level (MSL)' के आधार पर निर्धारित किया जाता है (जो पहले कराची से लिया जाता था और अब मुंबई हाई से लिया जाता है)।
Q57. सामान्य लेवलिंग स्टॉफ (Standard Leveling Staff) का अल्पतमांक (Least count) कितना होता है?
Exam: LMRC JE 2017, MP Vyapam JE 2017
  • A) 1 mm
  • B) 5 mm
  • C) 10 mm
  • D) 0.5 mm
✔ सही उत्तर: B) 5 mm
विस्तृत व्याख्या:
  • अल्पतमांक (Least Count): किसी उपकरण द्वारा पढ़ा जा सकने वाला सबसे छोटा मान।
  • लेवलिंग में उपयोग किए जाने वाले सामान्य फोल्डिंग स्टॉफ (जैसे 4 मीटर लंबा स्टॉफ) पर काली और सफेद पट्टियां बनी होती हैं।
  • प्रत्येक पट्टी की मोटाई 5 mm (या 0.005 मीटर) होती है, इसलिए स्टॉफ का Least count 5 mm होता है।
Q58. ट्रैवर्सिंग में, किसी रेखा के अक्षांश (Latitude) को गणितीय रूप से कैसे परिभाषित किया जाता है?
Exam: UPSSSC JE 2016, SSC JE 2018
  • A) L sinθ
  • B) L cosθ
  • C) L tanθ
  • D) L secθ
✔ सही उत्तर: B) L cosθ
विस्तृत व्याख्या:
  • यदि एक रेखा की लंबाई 'L' है और उसका Reduced Bearing 'θ' है, तो:
  • Latitude (अक्षांश): उत्तर-दक्षिण (N-S) अक्ष पर रेखा का प्रक्षेप (Projection)। इसका सूत्र L cosθ होता है। यह North के लिए धनात्मक (+) और South के लिए ऋणात्मक (-) होता है।
  • Departure (देशांतर): पूर्व-पश्चिम (E-W) अक्ष पर रेखा का प्रक्षेप। इसका सूत्र L sinθ होता है। यह East के लिए धनात्मक (+) और West के लिए ऋणात्मक (-) होता है।
Q59. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में, 'यू-फोर्क' (U-Fork / Plumbing fork) और प्लंब बॉब का उपयोग मुख्य रूप से किसलिए किया जाता है?
Exam: RRB JE 2019, UKPSC JE 2013
  • A) टेबल को समतल करने (Leveling) के लिए
  • B) टेबल को सही दिशा में सेट करने (Orientation) के लिए
  • C) ज़मीन के बिंदु को कागज़ पर स्थानांतरित करने (Centering) के लिए
  • D) लक्ष्य को देखने (Sighting) के लिए
✔ सही उत्तर: C) ज़मीन के बिंदु को कागज़ पर स्थानांतरित करने (Centering) के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Centering (केंद्रण): ज़मीन पर मौजूद स्टेशन बिंदु (Ground station) को ठीक उसी के ऊपर ड्राइंग शीट (कागज़) पर स्थानांतरित करने की प्रक्रिया।
  • यह कार्य U-Fork (प्लंबिंग फोर्क) और Plumb Bob (साहुल) की सहायता से किया जाता है। U-Fork का ऊपरी सिरा कागज़ पर और निचला सिरा प्लंब बॉब के साथ ज़मीन के स्टेशन के ठीक ऊपर रखा जाता है।
Q60. मिट्टी के कार्य (Earthwork) का आयतन निकालने के लिए, प्रिज्मोइडल सूत्र (Prismoidal formula) तभी लागू होता है जब अनुप्रस्थ काट (Cross-sections) की संख्या हो:
Exam: SSC JE 2015, DDA JE 2018
  • A) सम (Even)
  • B) विषम (Odd)
  • C) कोई भी संख्या
  • D) 4 का गुणज
✔ सही उत्तर: B) विषम (Odd)
विस्तृत व्याख्या:
  • Prismoidal Formula: इसे Simpson's Rule for volumes भी कहा जाता है। यह आयतन (Volume) निकालने की सबसे सटीक (Most accurate) विधि है।
  • शर्त: यह सूत्र केवल तभी लागू होता है जब क्रॉस-सेक्शन क्षेत्रों (A1, A2, A3...) की कुल संख्या विषम (Odd) हो।
  • नोट: प्रिज्मोइडल सूत्र से प्राप्त आयतन हमेशा समलंब सूत्र (Trapezoidal formula) से प्राप्त आयतन से थोड़ा कम होता है। इसलिए Prismoidal Correction हमेशा ऋणात्मक (Negative) होता है।
```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 7)

Q61. चेन सर्वेक्षण में 'चेक लाइन' (Check line) का मुख्य उद्देश्य क्या होता है?
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2015, UPSSSC JE 2016
  • A) आंतरिक विवरण एकत्र करना (To collect interior details)
  • B) सर्वेक्षण की सटीकता जाँचना (To check the accuracy of the framework)
  • C) दो मुख्य स्टेशनों को जोड़ना
  • D) ऑफसेट लेने के लिए आधार प्रदान करना
✔ सही उत्तर: B) सर्वेक्षण की सटीकता जाँचना (To check the accuracy of the framework)
विस्तृत व्याख्या:
  • Check Line: इसे Proof Line (प्रमाण रेखा) भी कहा जाता है। इसका एकमात्र उद्देश्य फील्ड में किए गए कार्य और मापन की सटीकता (Accuracy) को जाँचना होता है।
  • यदि नक्शे पर चेक लाइन की मापी गई लंबाई, जमीन पर मापी गई वास्तविक लंबाई से मेल खाती है, तो इसका अर्थ है कि सर्वेक्षण का पूरा ढाँचा (Framework) सही है।
  • Tie Line: इसका उपयोग आंतरिक विवरण (Interior details) जैसे भवन, पेड़ आदि की स्थिति को दर्शाने के लिए किया जाता है।
Q62. पारस्परिक लेवलिंग (Reciprocal leveling) में दो बिंदुओं के बीच का सही ऊँचाई अंतर (True difference in elevation - 'h') निकालने का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2018, LMRC JE 2017
  • A) h = (a - b) + (c - d) / 2
  • B) h = [(a - b) + (c - d)] / 2
  • C) h = [(a - b) - (c - d)] / 2
  • D) h = (a + b) - (c + d) / 2
✔ सही उत्तर: B) h = [(a - b) + (c - d)] / 2
विस्तृत व्याख्या:
  • जब उपकरण स्टेशन A के पास रखा हो, तो A और B पर स्टॉफ की रीडिंग मान लीजिए 'a' और 'b' आती है। इस स्थिति में आभासी अंतर (a - b) होगा।
  • जब उपकरण स्टेशन B के पास रखा हो, तो A और B पर रीडिंग 'c' और 'd' आती है। इस स्थिति में आभासी अंतर (c - d) होगा।
  • True Difference (h): इन दोनों आभासी अंतरों का औसत होता है। h = [(a - b) + (c - d)] / 2
  • यह सूत्र वक्रता, अपवर्तन और दृष्टि रेखा की त्रुटि को पूरी तरह से समाप्त कर देता है।
Q63. यदि नक्शे पर बंद समोच्च रेखाओं (Closed contours) का मान अंदर की ओर घट रहा है, तो यह क्या दर्शाता है?
Exam: UKPSC JE 2013, DDA JE 2018, SSC JE 2015
  • A) पहाड़ी (Hill)
  • B) गड्ढा या तालाब (Depression or Pond)
  • C) समतल भूमि (Flat ground)
  • D) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
✔ सही उत्तर: B) गड्ढा या तालाब (Depression or Pond)
विस्तृत व्याख्या:
  • Depression / Pond: यदि संकेंद्रित बंद समोच्च रेखाओं (Concentric closed contours) का मान अंदर (केंद्र) की ओर कम (decrease) हो रहा है, तो यह एक गड्ढे, घाटी या तालाब को दर्शाता है। (उदा: बाहर 100m, अंदर 90m, 80m)।
  • Hill (पहाड़ी): यदि बंद समोच्च रेखाओं का मान अंदर की ओर बढ़ (increase) रहा है, तो यह एक पहाड़ी को दर्शाता है। (उदा: बाहर 80m, अंदर 90m, 100m)।
Q64. थियोडोलाइट सर्वेक्षण में 'फेस लेफ्ट' (Face Left) अवलोकन से क्या तात्पर्य है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, RRB JE 2019
  • A) जब ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle) प्रेक्षक के दाईं ओर हो
  • B) जब ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle) प्रेक्षक के बाईं ओर हो
  • C) जब दूरबीन को 180° पर घुमाया गया हो
  • D) जब क्षैतिज वृत्त शून्य पर सेट हो
✔ सही उत्तर: B) जब ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle) प्रेक्षक के बाईं ओर हो
विस्तृत व्याख्या:
  • Face Left (सामान्य स्थिति): जब थियोडोलाइट से रीडिंग लेते समय ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle) प्रेक्षक (Observer) के बाएँ (Left) हाथ की तरफ होता है। इसे Telescope Normal भी कहते हैं।
  • Face Right (उल्टी स्थिति): जब ऊर्ध्वाधर वृत्त प्रेक्षक के दाएँ (Right) हाथ की तरफ होता है। इसे Telescope Inverted भी कहते हैं।
  • फेस लेफ्ट और फेस राइट दोनों रीडिंग लेकर उनका औसत निकालने से उपकरण के कई समायोजन दोष (adjustment errors) खत्म हो जाते हैं।
Q65. किसी बंद चक्रमण (Closed Traverse) के सभी आंतरिक कोणों (Internal angles) का योग कितना होना चाहिए? (जहाँ N = भुजाओं की संख्या)
Exam: SSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) (2N - 4) × 90°
  • B) (2N + 4) × 90°
  • C) (N - 2) × 180°
  • D) दोनों A और C सही हैं
✔ सही उत्तर: D) दोनों A और C सही हैं
विस्तृत व्याख्या:
  • एक बंद ट्रैवर्स (जैसे त्रिकोण, आयत, या पंचभुज) में ज्यामितीय जाँच के लिए यह सूत्र प्रयोग होता है:
  • आंतरिक कोणों का योग (Sum of Interior Angles): (2N - 4) × 90° या (N - 2) × 180°
  • बाहरी कोणों का योग (Sum of Exterior Angles): (2N + 4) × 90°
  • जहाँ N = ट्रैवर्स में कुल स्टेशनों या भुजाओं की संख्या है।
Q66. एक सरल वृत्ताकार वक्र (Simple circular curve) में, जिसकी त्रिज्या R और विक्षेप कोण (Deflection angle) Δ है, उसकी स्पर्श रेखा की लंबाई (Tangent length) का सूत्र क्या होगा?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) R sin(Δ/2)
  • B) R cos(Δ/2)
  • C) R tan(Δ/2)
  • D) R sec(Δ/2)
✔ सही उत्तर: C) R tan(Δ/2)
विस्तृत व्याख्या:
  • Tangent Length (स्पर्श रेखा की लंबाई): यह वक्र के प्रारंभिक बिंदु (Point of Curve - T1) से प्रतिच्छेदन बिंदु (Point of Intersection - V) तक की सीधी दूरी होती है।
  • सूत्र: Tangent Length = R tan(Δ/2)
  • अन्य महत्वपूर्ण सूत्र:
    Long Chord Length = 2R sin(Δ/2)
    Apex Distance = R [sec(Δ/2) - 1]
Q67. निम्नलिखित में से कौन सा पैमाना (Scale) सबसे बड़ा (Largest scale) है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2014
  • A) 1 cm = 50 m
  • B) 1 / 5000
  • C) R.F. = 1 / 500
  • D) 1 cm = 50 km
✔ सही उत्तर: C) R.F. = 1 / 500
विस्तृत व्याख्या:
  • Scale बड़ा या छोटा है, यह जांचने के लिए सभी विकल्पों को R.F. (Representative Fraction) में बदलें। जिसका हर (Denominator) सबसे छोटा होगा, वह पैमाना सबसे बड़ा (Largest) होगा।
  • A) 1 cm = 50 m → 1 / (50 × 100) → 1 / 5000
  • B) 1 / 5000
  • C) 1 / 500 (हर सबसे छोटा है, इसलिए यह पैमाना सबसे बड़ा है)
  • D) 1 cm = 50 km → 1 / (50 × 1000 × 100) → 1 / 50,00,000 (सबसे छोटा पैमाना)
Q68. लेवल ट्यूब के एक भाग (one division) के कोणीय मान (Angular value - 'α') की गणना का सही सूत्र क्या है?
Exam: LMRC JE 2017, DDA JE 2018
  • A) α = D / ns
  • B) α = s / nD
  • C) α = ns / D
  • D) α = nD / s
✔ सही उत्तर: B) α = s / nD
विस्तृत व्याख्या:
  • लेवल ट्यूब की संवेदनशीलता (Sensitiveness) मापने का यह मुख्य सूत्र है।
  • सूत्र: α = s / nD (यह मान रेडियन में आता है)
  • यदि इसे सेकंड (Seconds - ") में निकालना हो तो: α = (s / nD) × 206265 सेकंड।
  • जहाँ: s = स्टॉफ पर इंटरसेप्ट, n = बबल द्वारा पार किए गए डिवीज़न की संख्या, D = उपकरण से स्टॉफ की दूरी।
Q69. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में 'एलिडेड' (Alidade) का उपयोग मुख्य रूप से किस लिए किया जाता है?
Exam: SSC JE 2017, UPPCL JE 2019
  • A) टेबल को समतल (Level) करने के लिए
  • B) दृष्टि रेखा स्थापित करने और किरणें खींचने के लिए
  • C) टेबल को केंद्रित (Centering) करने के लिए
  • D) चुंबकीय उत्तर (Magnetic north) ज्ञात करने के लिए
✔ सही उत्तर: B) दृष्टि रेखा स्थापित करने और किरणें खींचने के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Alidade (एलिडेड): यह एक सीधी पटरी जैसा उपकरण होता है जिसके दोनों सिरों पर साइटिंग वैन (Sighting vanes - दृष्टि फलक) लगे होते हैं।
  • इसका मुख्य उपयोग लक्ष्य (Object) को देखने (Sighting) और उसी दिशा में ड्राइंग शीट पर किरणें (Rays/Lines) खींचने के लिए किया जाता है।
  • यह दो प्रकार का होता है: Plain Alidade (सामान्य कार्य के लिए) और Telescopic Alidade (दूर या ढलान वाले लक्ष्यों के लिए)।
Q70. 20 मीटर और 30 मीटर की मीट्रिक चेन (Metric chain) में पीतल के टैली (Brass tallies) कितनी दूरी पर लगाए जाते हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, RRB JE 2014
  • A) प्रत्येक 1 मीटर पर
  • B) प्रत्येक 2 मीटर पर
  • C) प्रत्येक 5 मीटर पर
  • D) प्रत्येक 10 मीटर पर
✔ सही उत्तर: C) प्रत्येक 5 मीटर पर
विस्तृत व्याख्या:
  • Metric Chain: सर्वेयर के लिए दूरी को आसानी से पढ़ने के लिए चेन में संकेतक लगे होते हैं।
  • चेन में प्रत्येक 1 मीटर की दूरी पर पीतल के छोटे गोल छल्ले (Brass rings) लगे होते हैं।
  • चेन में प्रत्येक 5 मीटर (5m, 10m, 15m...) की दूरी पर पीतल के टैली (Brass tallies) लगे होते हैं, जिनके आकार अलग-अलग होते हैं (जैसे एक दाँत, दो दाँत आदि) ताकि दूरी को गिना जा सके।
``` यहाँ

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 8)

Q71. सबसे खड़ी ढलान (Steepest slope) की रेखा समोच्च रेखाओं (Contour lines) को किस कोण पर काटती है?
Exam: SSC JE 2017, DDA JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) 30°
  • B) 45°
  • C) 90° (समकोण)
  • D) 180°
✔ सही उत्तर: C) 90° (समकोण)
विस्तृत व्याख्या:
  • समोच्च रेखाओं (Contours) का एक प्रमुख गुण यह है कि सबसे खड़ी ढलान (Line of steepest slope) हमेशा समोच्च रेखाओं के ठीक लंबवत (90° या समकोण पर) होती है।
  • यही कारण है कि पहाड़ों या ढलान पर बहने वाला पानी हमेशा समोच्च रेखाओं को 90° के कोण पर पार करते हुए नीचे की ओर बहता है।
Q72. चुंबकीय दिक्पात (Magnetic declination) में होने वाला दैनिक परिवर्तन (Diurnal variation) भूमध्य रेखा की तुलना में ध्रुवों पर कैसा होता है?
Exam: UKPSC JE 2013, RRB JE 2019, LMRC JE 2017
  • A) कम होता है (Less)
  • B) अधिक होता है (More)
  • C) समान रहता है (Same)
  • D) शून्य होता है (Zero)
✔ सही उत्तर: B) अधिक होता है (More)
विस्तृत व्याख्या:
  • Diurnal Variation (दैनिक परिवर्तन): यह पृथ्वी के घूमने के कारण होने वाला चुंबकीय दिक्पात का रोज़ाना का बदलाव है।
  • महत्वपूर्ण तथ्य: यह परिवर्तन दिन के समय अधिक और रात में कम होता है। गर्मियों में सर्दियों की तुलना में अधिक होता है।
  • सबसे महत्वपूर्ण: यह भूमध्य रेखा (Equator) पर सबसे कम तथा ध्रुवों (Poles) पर सबसे अधिक होता है।
Q73. 'ट्रांज़िट नियम' (Transit rule) का उपयोग बंद चक्रमण (Closed traverse) में त्रुटि को संतुलित करने के लिए कब किया जाता है?
Exam: SSC JE 2018, RSMSSB JE 2020
  • A) जब रैखिक और कोणीय माप समान रूप से सटीक हों
  • B) जब रैखिक माप अधिक सटीक हों
  • C) जब कोणीय माप रैखिक मापों की तुलना में अधिक सटीक हों
  • D) केवल खुले चक्रमण में (Open traverse)
✔ सही उत्तर: C) जब कोणीय माप रैखिक मापों की तुलना में अधिक सटीक हों
विस्तृत व्याख्या:
  • Transit Rule (ट्रांज़िट नियम): इस नियम का उपयोग तब किया जाता है जब थियोडोलाइट से लिए गए कोणीय माप (Angular measurements), चेन/टेप से लिए गए रैखिक मापों (Linear measurements) की तुलना में अधिक सटीक (Precise) होते हैं।
  • Bowditch Rule (बोडिच नियम): इसका उपयोग तब किया जाता है जब कोणीय और रैखिक दोनों माप समान रूप से सटीक (Equally precise) हों (जैसे कंपास और चेन सर्वे)।
Q74. चेन सर्वेक्षण में, ऑफसेट की अधिकतम अनुमेय लंबाई (Limiting length of offset) मुख्य रूप से किस पर निर्भर करती है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2015
  • A) मानचित्र के पैमाने (Scale of the map) पर
  • B) वांछित सटीकता (Accuracy desired) पर
  • C) जमीन की प्रकृति (Nature of ground) पर
  • D) उपरोक्त सभी (All of the above)
✔ सही उत्तर: D) उपरोक्त सभी (All of the above)
विस्तृत व्याख्या:
  • ऑफसेट (Offset) की अधिकतम लंबाई निम्नलिखित कारकों पर निर्भर करती है:
  • 1. Scale of map: पैमाना जितना छोटा होगा, ऑफसेट उतना बड़ा लिया जा सकता है।
  • 2. Accuracy desired: यदि उच्च सटीकता चाहिए, तो ऑफसेट की लंबाई छोटी होनी चाहिए।
  • 3. Nature of ground: समतल जमीन पर बड़े ऑफसेट लिए जा सकते हैं, जबकि उबड़-खाबड़ जमीन पर छोटे ऑफसेट लिए जाते हैं।
Q75. आंतरिक फोकसिंग वाली दूरबीन (Internal focusing telescope) में उपयोग किया जाने वाला 'फोकसिंग लेंस' (Focusing lens) कैसा होता है?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2014
  • A) उत्तल लेंस (Convex lens)
  • B) अवतल लेंस (Concave lens)
  • C) समतल-उत्तल लेंस (Plano-convex lens)
  • D) बेलनाकार लेंस (Cylindrical lens)
✔ सही उत्तर: B) अवतल लेंस (Concave lens)
विस्तृत व्याख्या:
  • आधुनिक सर्वेक्षण उपकरणों (जैसे Auto Level) में Internal focusing telescope का उपयोग होता है।
  • इसमें क्रॉस-हेयर और ऑब्जेक्टिव लेंस के बीच एक डबल अवतल लेंस (Double Concave lens / Negative lens) लगा होता है।
  • फोकसिंग स्क्रू को घुमाने पर यही अवतल लेंस आगे-पीछे खिसकता है, जिससे दूरबीन की कुल लंबाई नहीं बदलती है और उपकरण में धूल या पानी जाने का खतरा कम रहता है।
Q76. 'सबटेंस बार' (Subtense bar) का उपयोग मुख्य रूप से क्या मापने के लिए किया जाता है?
Exam: UPSSSC JE 2016, SSC JE 2017
  • A) ऊर्ध्वाधर कोण (Vertical angle)
  • B) क्षैतिज कोण (Horizontal angle)
  • C) क्षैतिज दूरी (Horizontal distance)
  • D) ऊँचाई (Elevation)
✔ सही उत्तर: C) क्षैतिज दूरी (Horizontal distance)
विस्तृत व्याख्या:
  • Subtense bar (सबटेंस बार): यह एक विशेष उपकरण है जिसका उपयोग टैकोमेट्री में उबड़-खाबड़ या दुर्गम क्षेत्रों (Undulating terrain) में क्षैतिज दूरी (Horizontal distance) मापने के लिए किया जाता है।
  • इस बार (Bar) की लंबाई आमतौर पर 2 मीटर या 3 मीटर (निश्चित) होती है। इसे ट्राइपॉड पर क्षैतिज रूप से लगाया जाता है और थियोडोलाइट की मदद से इसके दोनों सिरों के बीच का क्षैतिज कोण (Horizontal angle) मापा जाता है।
Q77. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में 'दिक्स्थापन' (Orientation) का सबसे सटीक और विश्वसनीय तरीका कौन सा है?
Exam: RRB JE 2015, HPSSC JE 2018
  • A) चुंबकीय कंपास द्वारा (By Magnetic Compass)
  • B) पश्च दृष्टि द्वारा (By Backsighting)
  • C) विकिरण द्वारा (By Radiation)
  • D) प्रतिच्छेदन द्वारा (By Intersection)
✔ सही उत्तर: B) पश्च दृष्टि द्वारा (By Backsighting)
विस्तृत व्याख्या:
  • Orientation (दिक्स्थापन): टेबल को हर नए स्टेशन पर इस तरह रखना कि उस पर बनी रेखाएँ ज़मीन की रेखाओं के समानांतर हो जाएँ।
  • Backsighting (पश्च दृष्टि) द्वारा ओरिएंटेशन सबसे सटीक (Most accurate) तरीका है, क्योंकि यह पिछले स्टेशन की खींची गई रेखा पर निर्भर करता है और स्थानीय आकर्षण (Local attraction) से प्रभावित नहीं होता।
  • कंपास द्वारा ओरिएंटेशन तेज़ है लेकिन कम सटीक है, क्योंकि चुम्बकीय सुई लोहे से विचलित हो सकती है।
Q78. एक सरल वृत्ताकार वक्र (Simple circular curve) में 'मिड-ऑर्डिनेट' (Mid-ordinate) या वर्स्ड साइन (Versed sine) ज्ञात करने का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2016, UKPSC JE 2013
  • A) R [1 - cos(Δ/2)]
  • B) R [sec(Δ/2) - 1]
  • C) R tan(Δ/2)
  • D) R sin(Δ/2)
✔ सही उत्तर: A) R [1 - cos(Δ/2)]
विस्तृत व्याख्या:
  • Mid-ordinate: यह वक्र (Curve) के मध्य बिंदु और सबसे लंबी जीवा (Long chord) के मध्य बिंदु के बीच की सीधी दूरी है। इसका सूत्र R [1 - cos(Δ/2)] है।
  • Apex Distance (शीर्ष दूरी): यह प्रतिच्छेदन बिंदु (Point of Intersection) और वक्र के मध्य बिंदु के बीच की दूरी है। इसका सूत्र R [sec(Δ/2) - 1] होता है।
Q79. त्रुटियों का सिद्धांत (Theory of errors) और प्रायिकता का सिद्धांत (Theory of probability) केवल किस प्रकार की त्रुटियों पर लागू होता है?
Exam: MP Vyapam JE 2017, SSC JE 2018
  • A) मानवीय गलतियाँ (Mistakes / Blunders)
  • B) व्यवस्थित त्रुटियाँ (Systematic errors)
  • C) आकस्मिक त्रुटियाँ (Accidental errors)
  • D) संचयी त्रुटियाँ (Cumulative errors)
✔ सही उत्तर: C) आकस्मिक त्रुटियाँ (Accidental errors)
विस्तृत व्याख्या:
  • आकस्मिक त्रुटियाँ (Accidental Errors): ये वे त्रुटियाँ हैं जो मापनकर्ता के नियंत्रण से बाहर होती हैं (जैसे हवा, तापमान का अचानक बदलना)।
  • ये प्रकृति में यादृच्छिक (Random) होती हैं। Least Squares Method और Probability (प्रायिकता) के नियम केवल इन्हीं त्रुटियों के वितरण का विश्लेषण और समायोजन करने के लिए लागू किए जाते हैं।
Q80. यदि 20 मीटर की चेन को मानक खिंचाव (Standard pull) से अधिक बल लगाकर खींचा जाए, तो होने वाली त्रुटि (Error) और संशोधन (Correction) क्रमशः क्या होंगे?
Exam: LMRC JE 2017, UPPCL JE 2019
  • A) Error: Positive (+), Correction: Negative (-)
  • B) Error: Negative (-), Correction: Positive (+)
  • C) दोनों Positive (+)
  • D) दोनों Negative (-)
✔ सही उत्तर: B) Error: Negative (-), Correction: Positive (+)
विस्तृत व्याख्या:
  • यदि चेन को मानक से अधिक खिंचाव (More pull) के साथ खींचा जाता है, तो चेन की लंबाई बढ़ जाएगी (Too long)
  • नियम: जब उपकरण (चेन) लंबा हो जाता है, तो वह मापी गई दूरी को वास्तविक दूरी से कम बताता है।
  • चूँकि मापी गई दूरी वास्तविक से कम है (Measured < True), इसलिए त्रुटि ऋणात्मक (Negative Error) है। इसे सही करने के लिए हमें दूरी जोड़नी पड़ेगी, इसलिए संशोधन धनात्मक (Positive Correction) होगा।
``` यहाँ **Surveying JE EXAM PYQs का Part - 9** दिया गया है। इस भाग में मैंने Compass Surveying, Curves, Instruments और Contouring के कुछ ऐसे 'High Probability' (परीक्षा में बार-बार आने वाले) प्रश्न शामिल किए हैं, जो आपकी तैयारी को और धारदार बनाएंगे। ```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 9)

Q81. किसी रेखा के वास्तविक याम्योत्तर (True Meridian) और चुंबकीय याम्योत्तर (Magnetic Meridian) के बीच के क्षैतिज कोण को क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2017, UPSSSC JE 2016, RRB JE 2019
  • A) चुंबकीय नति (Magnetic Dip)
  • B) चुंबकीय दिक्पात (Magnetic Declination)
  • C) स्थानीय आकर्षण (Local Attraction)
  • D) दिगंश (Azimuth)
✔ सही उत्तर: B) चुंबकीय दिक्पात (Magnetic Declination)
विस्तृत व्याख्या:
  • Magnetic Declination: यह ट्रू नॉर्थ (भौगोलिक उत्तर) और मैग्नेटिक नॉर्थ (चुंबकीय सुई द्वारा दर्शाया गया उत्तर) के बीच का क्षैतिज कोण है। यह समय और स्थान के साथ बदलता रहता है।
  • Azimuth (दिगंश): किसी रेखा का ट्रू नॉर्थ (True North) से मापा गया क्षैतिज कोण (True Bearing) ही अज़ीमुथ कहलाता है।
Q82. दूरबीन के अभिदृश्यक लेंस (Objective glass) के प्रकाशिक केंद्र और नेत्रिका (Eyepiece) के प्रकाशिक केंद्र को मिलाने वाली काल्पनिक रेखा क्या कहलाती है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2014, DDA JE 2018
  • A) दृष्टि रेखा (Line of collimation)
  • B) दूरबीन का अक्ष (Axis of telescope)
  • C) क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis)
  • D) बबल ट्यूब का अक्ष (Axis of bubble tube)
✔ सही उत्तर: B) दूरबीन का अक्ष (Axis of telescope)
विस्तृत व्याख्या:
  • Axis of Telescope: यह ऑब्जेक्टिव लेंस के केंद्र (Center of objective) और आई-पीस के केंद्र (Center of eyepiece) को जोड़ने वाली सीधी काल्पनिक रेखा है।
  • Line of Collimation (दृष्टि रेखा): यह क्रॉस-हेयर के प्रतिच्छेदन (Intersection of cross-hairs) और ऑब्जेक्टिव लेंस के प्रकाशिक केंद्र से होकर गुजरने वाली रेखा है।
  • ध्यान दें: एक पूरी तरह से समायोजित (perfectly adjusted) उपकरण में, ये दोनों रेखाएँ एक-दूसरे के संपाती (coincide) होती हैं।
Q83. 'फ्रेंच क्रॉस स्टॉफ' (French Cross Staff) द्वारा चेन लाइन पर कौन-से कोण (Angles) स्थापित किए जा सकते हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2018
  • A) केवल 90°
  • B) केवल 45°
  • C) 45° और 90° दोनों
  • D) कोई भी कोण (Any angle)
✔ सही उत्तर: C) 45° और 90° दोनों
विस्तृत व्याख्या:
  • Open Cross Staff (खुला क्रॉस स्टॉफ): इसका उपयोग केवल 90° (समकोण) स्थापित करने के लिए किया जाता है।
  • French Cross Staff (फ्रेंच क्रॉस स्टॉफ): यह एक अष्टकोणीय (octagonal) बॉक्स होता है, जिसकी मदद से 45° और 90° दोनों कोण स्थापित किए जा सकते हैं।
  • Adjustable Cross Staff: इसके द्वारा कोई भी कोण (Any angle) स्थापित किया जा सकता है।
Q84. यदि किसी रेखा का पूर्ण वृत्त दिक्मान (WCB) 315° 20' है, तो उसका चतुर्थांश दिक्मान (Quadrantal Bearing - QB) क्या होगा?
Exam: RRB JE 2014, SSC JE 2016
  • A) N 44° 40' E
  • B) S 44° 40' W
  • C) N 44° 40' W
  • D) N 45° 20' W
✔ सही उत्तर: C) N 44° 40' W
विस्तृत व्याख्या:
  • चतुर्थांश पहचानें: 315° 20' कोण 270° और 360° के बीच है, इसका मतलब रेखा North-West (NW) चतुर्थांश में है।
  • NW चतुर्थांश के लिए सूत्र: QB = 360° - WCB
  • गणना: 360° - 315° 20'
    (360° को हम 359° 60' लिख सकते हैं)
    359° 60' - 315° 20' = 44° 40'
  • अतः सही उत्तर N 44° 40' W होगा।
Q85. प्रिज्मीय कंपास (Prismatic compass) के अंशांकित रिंग (Graduated ring) पर शून्य (0°) कहाँ अंकित होता है?
Exam: LMRC JE 2017, MP Vyapam JE 2017
  • A) North (उत्तर) सिरे पर
  • B) South (दक्षिण) सिरे पर
  • C) East (पूर्व) सिरे पर
  • D) West (पश्चिम) सिरे पर
✔ सही उत्तर: B) South (दक्षिण) सिरे पर
विस्तृत व्याख्या:
  • Prismatic Compass: इसमें WCB प्रणाली (0° से 360°) का प्रयोग होता है। चूँकि इसमें रीडिंग एक प्रिज्म (Prism) के माध्यम से पढ़ी जाती है, इसलिए रिंग पर अक्षर उल्टे छपे होते हैं।
  • प्रिज्म दक्षिण दिशा की तरफ लगा होता है, इसलिए 0° South (दक्षिण) सिरे पर अंकित किया जाता है।
  • West (पश्चिम) पर 90°, North (उत्तर) पर 180° और East (पूर्व) पर 270° छपा होता है।
Q86. पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क या रेलवे लाइन बनाते समय, जमीन पर 'कंटूर ग्रेडिएंट' (Contour gradient) को ट्रेस करने के लिए किस उपकरण का उपयोग किया जाता है?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) डंपी लेवल (Dumpy Level)
  • B) सीलोन घाट ट्रेसर (Ceylon Ghat Tracer)
  • C) प्लैनीमीटर (Planimeter)
  • D) पेंटाग्राफ (Pantagraph)
✔ सही उत्तर: B) सीलोन घाट ट्रेसर (Ceylon Ghat Tracer)
विस्तृत व्याख्या:
  • Ceylon Ghat Tracer: यह एक विशेष सर्वेक्षण उपकरण है जिसका मुख्य रूप से उपयोग घाट (पहाड़ी) सड़कों, रेलवे, या नहरों के लिए एक निश्चित ढलान (Gradient) को जमीन पर ट्रेस (चिह्नित) करने के लिए किया जाता है।
  • क्लाइनोमीटर (Clinometer) का उपयोग भी ढलान का कोण (Angle of slope) मापने के लिए किया जाता है।
  • Pantagraph: इसका उपयोग मानचित्र को बड़ा (enlarge) या छोटा (reduce) करने के लिए किया जाता है।
Q87. समुद्र तल से 'h' मीटर की ऊँचाई पर स्थित एक प्रेक्षक द्वारा देखे जा सकने वाले 'दृश्य क्षितिज' (Visible horizon) की दूरी 'D' (किलोमीटर में) ज्ञात करने का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2015, DDA JE 2018
  • A) D = 3.855 √h
  • B) D = 0.0673 √h
  • C) D = 1.22 √h
  • D) D = h² / 0.0673
✔ सही उत्तर: A) D = 3.855 √h
विस्तृत व्याख्या:
  • हम जानते हैं कि लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन का संयुक्त संशोधन (Combined correction) h = 0.0673 D² होता है (जहाँ h मीटर में और D किमी में है)।
  • इस सूत्र से दूरी D निकालने के लिए: D² = h / 0.0673
  • D = √(h / 0.0673)
  • गणना करने पर: D = 3.855 √h (यह सूत्र लाइटहाउस या ऊँची पहाड़ी से दिखने वाले जहाज़ की दूरी निकालने के काम आता है)।
Q88. 'रैंकिन की विक्षेप कोण विधि' (Rankine's method of deflection angles) का उपयोग मुख्य रूप से किस लिए किया जाता है?
Exam: RRB JE 2015, SSC JE 2017
  • A) बंद चक्रमण (Closed traverse) को संतुलित करने के लिए
  • B) क्षैतिज वृत्ताकार वक्र (Circular curve) स्थापित (Setting out) करने के लिए
  • C) पृथ्वी का आयतन (Volume of earthwork) निकालने के लिए
  • D) प्लेन टेबल का दिक्स्थापन (Orientation) करने के लिए
✔ सही उत्तर: B) क्षैतिज वृत्ताकार वक्र (Circular curve) स्थापित करने के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Rankine's Method: इसे 'One theodolite and tape method' (एक थियोडोलाइट और टेप विधि) भी कहा जाता है।
  • यह फील्ड (जमीन) पर सरल वृत्ताकार वक्र (Simple Circular Curves) को सेट आउट करने की सबसे सटीक और सामान्य विधि है। इसमें थियोडोलाइट से विक्षेप कोण (Deflection angles) नापे जाते हैं और टेप से जीवाओं (chords) की लंबाई मापी जाती है।
Q89. एक ऑटो लेवल (Auto level) में क्षैतिज दृष्टि रेखा (Horizontal line of sight) को स्वचालित रूप से बनाए रखने के लिए उपकरण के किस हिस्से का उपयोग किया जाता है?
Exam: UPSSSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) क्रॉस-हेयर (Cross-hairs)
  • B) फुट स्क्रू (Foot screws)
  • C) कम्पेन्सेटर (Compensator)
  • D) टिल्टिंग स्क्रू (Tilting screw)
✔ सही उत्तर: C) कम्पेन्सेटर (Compensator)
विस्तृत व्याख्या:
  • Auto Level (ऑटोमैटिक लेवल): इसे 'Self-aligning level' भी कहा जाता है।
  • इसमें एक आंतरिक पेंडुलम जैसी प्रणाली होती है जिसे कम्पेन्सेटर (Compensator) कहते हैं।
  • उपकरण को ट्राइपॉड पर लगभग सीधा (roughly level) करने के बाद, यह कम्पेन्सेटर गुरुत्वाकर्षण की मदद से 'लाइन ऑफ साइट' को स्वचालित रूप से 100% क्षैतिज (Horizontal) कर देता है।
Q90. किसी दिए गए मानचित्र (Map) के लिए 'समोच्च अंतराल' (Contour Interval) की क्या विशेषता होती है?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2018
  • A) यह ढलान के अनुसार बदलता रहता है
  • B) यह हमेशा पूरे मानचित्र के लिए स्थिर (Constant) रहता है
  • C) यह समतल जमीन पर बढ़ जाता है
  • D) यह केवल पहाड़ी इलाकों में स्थिर रहता है
✔ सही उत्तर: B) यह हमेशा पूरे मानचित्र के लिए स्थिर (Constant) रहता है
विस्तृत व्याख्या:
  • Contour Interval (समोच्च अंतराल): यह किन्हीं दो लगातार समोच्च रेखाओं (Contour lines) के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी (Vertical distance) होती है।
  • किसी भी एक मानचित्र (Map) को बनाते समय समोच्च अंतराल हमेशा स्थिर (Constant) रखा जाता है (जैसे पूरे नक्शे में 5 मीटर का गैप)। यदि ऐसा न किया जाए, तो नक्शे को देखकर ढलान का सही अनुमान लगाना असंभव हो जाएगा।
  • नोट: समोच्च रेखाओं के बीच की क्षैतिज दूरी (Horizontal equivalent) जमीन की ढलान के अनुसार बदलती रहती है।
```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 9)

Q81. किसी रेखा के वास्तविक याम्योत्तर (True Meridian) और चुंबकीय याम्योत्तर (Magnetic Meridian) के बीच के क्षैतिज कोण को क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2017, UPSSSC JE 2016, RRB JE 2019
  • A) चुंबकीय नति (Magnetic Dip)
  • B) चुंबकीय दिक्पात (Magnetic Declination)
  • C) स्थानीय आकर्षण (Local Attraction)
  • D) दिगंश (Azimuth)
✔ सही उत्तर: B) चुंबकीय दिक्पात (Magnetic Declination)
विस्तृत व्याख्या:
  • Magnetic Declination: यह ट्रू नॉर्थ (भौगोलिक उत्तर) और मैग्नेटिक नॉर्थ (चुंबकीय सुई द्वारा दर्शाया गया उत्तर) के बीच का क्षैतिज कोण है। यह समय और स्थान के साथ बदलता रहता है।
  • Azimuth (दिगंश): किसी रेखा का ट्रू नॉर्थ (True North) से मापा गया क्षैतिज कोण (True Bearing) ही अज़ीमुथ कहलाता है।
Q82. दूरबीन के अभिदृश्यक लेंस (Objective glass) के प्रकाशिक केंद्र और नेत्रिका (Eyepiece) के प्रकाशिक केंद्र को मिलाने वाली काल्पनिक रेखा क्या कहलाती है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2014, DDA JE 2018
  • A) दृष्टि रेखा (Line of collimation)
  • B) दूरबीन का अक्ष (Axis of telescope)
  • C) क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis)
  • D) बबल ट्यूब का अक्ष (Axis of bubble tube)
✔ सही उत्तर: B) दूरबीन का अक्ष (Axis of telescope)
विस्तृत व्याख्या:
  • Axis of Telescope: यह ऑब्जेक्टिव लेंस के केंद्र (Center of objective) और आई-पीस के केंद्र (Center of eyepiece) को जोड़ने वाली सीधी काल्पनिक रेखा है।
  • Line of Collimation (दृष्टि रेखा): यह क्रॉस-हेयर के प्रतिच्छेदन (Intersection of cross-hairs) और ऑब्जेक्टिव लेंस के प्रकाशिक केंद्र से होकर गुजरने वाली रेखा है।
  • ध्यान दें: एक पूरी तरह से समायोजित (perfectly adjusted) उपकरण में, ये दोनों रेखाएँ एक-दूसरे के संपाती (coincide) होती हैं।
Q83. 'फ्रेंच क्रॉस स्टॉफ' (French Cross Staff) द्वारा चेन लाइन पर कौन-से कोण (Angles) स्थापित किए जा सकते हैं?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2018
  • A) केवल 90°
  • B) केवल 45°
  • C) 45° और 90° दोनों
  • D) कोई भी कोण (Any angle)
✔ सही उत्तर: C) 45° और 90° दोनों
विस्तृत व्याख्या:
  • Open Cross Staff (खुला क्रॉस स्टॉफ): इसका उपयोग केवल 90° (समकोण) स्थापित करने के लिए किया जाता है।
  • French Cross Staff (फ्रेंच क्रॉस स्टॉफ): यह एक अष्टकोणीय (octagonal) बॉक्स होता है, जिसकी मदद से 45° और 90° दोनों कोण स्थापित किए जा सकते हैं।
  • Adjustable Cross Staff: इसके द्वारा कोई भी कोण (Any angle) स्थापित किया जा सकता है।
Q84. यदि किसी रेखा का पूर्ण वृत्त दिक्मान (WCB) 315° 20' है, तो उसका चतुर्थांश दिक्मान (Quadrantal Bearing - QB) क्या होगा?
Exam: RRB JE 2014, SSC JE 2016
  • A) N 44° 40' E
  • B) S 44° 40' W
  • C) N 44° 40' W
  • D) N 45° 20' W
✔ सही उत्तर: C) N 44° 40' W
विस्तृत व्याख्या:
  • चतुर्थांश पहचानें: 315° 20' कोण 270° और 360° के बीच है, इसका मतलब रेखा North-West (NW) चतुर्थांश में है।
  • NW चतुर्थांश के लिए सूत्र: QB = 360° - WCB
  • गणना: 360° - 315° 20'
    (360° को हम 359° 60' लिख सकते हैं)
    359° 60' - 315° 20' = 44° 40'
  • अतः सही उत्तर N 44° 40' W होगा।
Q85. प्रिज्मीय कंपास (Prismatic compass) के अंशांकित रिंग (Graduated ring) पर शून्य (0°) कहाँ अंकित होता है?
Exam: LMRC JE 2017, MP Vyapam JE 2017
  • A) North (उत्तर) सिरे पर
  • B) South (दक्षिण) सिरे पर
  • C) East (पूर्व) सिरे पर
  • D) West (पश्चिम) सिरे पर
✔ सही उत्तर: B) South (दक्षिण) सिरे पर
विस्तृत व्याख्या:
  • Prismatic Compass: इसमें WCB प्रणाली (0° से 360°) का प्रयोग होता है। चूँकि इसमें रीडिंग एक प्रिज्म (Prism) के माध्यम से पढ़ी जाती है, इसलिए रिंग पर अक्षर उल्टे छपे होते हैं।
  • प्रिज्म दक्षिण दिशा की तरफ लगा होता है, इसलिए 0° South (दक्षिण) सिरे पर अंकित किया जाता है।
  • West (पश्चिम) पर 90°, North (उत्तर) पर 180° और East (पूर्व) पर 270° छपा होता है।
Q86. पहाड़ी क्षेत्रों में सड़क या रेलवे लाइन बनाते समय, जमीन पर 'कंटूर ग्रेडिएंट' (Contour gradient) को ट्रेस करने के लिए किस उपकरण का उपयोग किया जाता है?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) डंपी लेवल (Dumpy Level)
  • B) सीलोन घाट ट्रेसर (Ceylon Ghat Tracer)
  • C) प्लैनीमीटर (Planimeter)
  • D) पेंटाग्राफ (Pantagraph)
✔ सही उत्तर: B) सीलोन घाट ट्रेसर (Ceylon Ghat Tracer)
विस्तृत व्याख्या:
  • Ceylon Ghat Tracer: यह एक विशेष सर्वेक्षण उपकरण है जिसका मुख्य रूप से उपयोग घाट (पहाड़ी) सड़कों, रेलवे, या नहरों के लिए एक निश्चित ढलान (Gradient) को जमीन पर ट्रेस (चिह्नित) करने के लिए किया जाता है।
  • क्लाइनोमीटर (Clinometer) का उपयोग भी ढलान का कोण (Angle of slope) मापने के लिए किया जाता है।
  • Pantagraph: इसका उपयोग मानचित्र को बड़ा (enlarge) या छोटा (reduce) करने के लिए किया जाता है।
Q87. समुद्र तल से 'h' मीटर की ऊँचाई पर स्थित एक प्रेक्षक द्वारा देखे जा सकने वाले 'दृश्य क्षितिज' (Visible horizon) की दूरी 'D' (किलोमीटर में) ज्ञात करने का सूत्र क्या है?
Exam: SSC JE 2015, DDA JE 2018
  • A) D = 3.855 √h
  • B) D = 0.0673 √h
  • C) D = 1.22 √h
  • D) D = h² / 0.0673
✔ सही उत्तर: A) D = 3.855 √h
विस्तृत व्याख्या:
  • हम जानते हैं कि लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता और अपवर्तन का संयुक्त संशोधन (Combined correction) h = 0.0673 D² होता है (जहाँ h मीटर में और D किमी में है)।
  • इस सूत्र से दूरी D निकालने के लिए: D² = h / 0.0673
  • D = √(h / 0.0673)
  • गणना करने पर: D = 3.855 √h (यह सूत्र लाइटहाउस या ऊँची पहाड़ी से दिखने वाले जहाज़ की दूरी निकालने के काम आता है)।
Q88. 'रैंकिन की विक्षेप कोण विधि' (Rankine's method of deflection angles) का उपयोग मुख्य रूप से किस लिए किया जाता है?
Exam: RRB JE 2015, SSC JE 2017
  • A) बंद चक्रमण (Closed traverse) को संतुलित करने के लिए
  • B) क्षैतिज वृत्ताकार वक्र (Circular curve) स्थापित (Setting out) करने के लिए
  • C) पृथ्वी का आयतन (Volume of earthwork) निकालने के लिए
  • D) प्लेन टेबल का दिक्स्थापन (Orientation) करने के लिए
✔ सही उत्तर: B) क्षैतिज वृत्ताकार वक्र (Circular curve) स्थापित करने के लिए
विस्तृत व्याख्या:
  • Rankine's Method: इसे 'One theodolite and tape method' (एक थियोडोलाइट और टेप विधि) भी कहा जाता है।
  • यह फील्ड (जमीन) पर सरल वृत्ताकार वक्र (Simple Circular Curves) को सेट आउट करने की सबसे सटीक और सामान्य विधि है। इसमें थियोडोलाइट से विक्षेप कोण (Deflection angles) नापे जाते हैं और टेप से जीवाओं (chords) की लंबाई मापी जाती है।
Q89. एक ऑटो लेवल (Auto level) में क्षैतिज दृष्टि रेखा (Horizontal line of sight) को स्वचालित रूप से बनाए रखने के लिए उपकरण के किस हिस्से का उपयोग किया जाता है?
Exam: UPSSSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) क्रॉस-हेयर (Cross-hairs)
  • B) फुट स्क्रू (Foot screws)
  • C) कम्पेन्सेटर (Compensator)
  • D) टिल्टिंग स्क्रू (Tilting screw)
✔ सही उत्तर: C) कम्पेन्सेटर (Compensator)
विस्तृत व्याख्या:
  • Auto Level (ऑटोमैटिक लेवल): इसे 'Self-aligning level' भी कहा जाता है।
  • इसमें एक आंतरिक पेंडुलम जैसी प्रणाली होती है जिसे कम्पेन्सेटर (Compensator) कहते हैं।
  • उपकरण को ट्राइपॉड पर लगभग सीधा (roughly level) करने के बाद, यह कम्पेन्सेटर गुरुत्वाकर्षण की मदद से 'लाइन ऑफ साइट' को स्वचालित रूप से 100% क्षैतिज (Horizontal) कर देता है।
Q90. किसी दिए गए मानचित्र (Map) के लिए 'समोच्च अंतराल' (Contour Interval) की क्या विशेषता होती है?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2018
  • A) यह ढलान के अनुसार बदलता रहता है
  • B) यह हमेशा पूरे मानचित्र के लिए स्थिर (Constant) रहता है
  • C) यह समतल जमीन पर बढ़ जाता है
  • D) यह केवल पहाड़ी इलाकों में स्थिर रहता है
✔ सही उत्तर: B) यह हमेशा पूरे मानचित्र के लिए स्थिर (Constant) रहता है
विस्तृत व्याख्या:
  • Contour Interval (समोच्च अंतराल): यह किन्हीं दो लगातार समोच्च रेखाओं (Contour lines) के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी (Vertical distance) होती है।
  • किसी भी एक मानचित्र (Map) को बनाते समय समोच्च अंतराल हमेशा स्थिर (Constant) रखा जाता है (जैसे पूरे नक्शे में 5 मीटर का गैप)। यदि ऐसा न किया जाए, तो नक्शे को देखकर ढलान का सही अनुमान लगाना असंभव हो जाएगा।
  • नोट: समोच्च रेखाओं के बीच की क्षैतिज दूरी (Horizontal equivalent) जमीन की ढलान के अनुसार बदलती रहती है।
```

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 10) [Q91 - Q100]

Q91. राजस्व चेन (Revenue chain) की मानक लंबाई और उसमें कड़ियों (links) की संख्या कितनी होती है?
Exam: SSC JE 2017, UPSSSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) 33 फीट, 16 कड़ियां
  • B) 66 फीट, 100 कड़ियां
  • C) 100 फीट, 100 कड़ियां
  • D) 20 मीटर, 100 कड़ियां
✔ सही उत्तर: A) 33 फीट, 16 कड़ियां
विस्तृत व्याख्या:
  • Revenue Chain: इसका उपयोग मुख्य रूप से राजस्व विभाग द्वारा भू-कर (Land tax) और छोटे भूखंडों की माप के लिए किया जाता है। इसकी लंबाई 33 फीट होती है और इसमें 16 कड़ियां (links) होती हैं (प्रत्येक कड़ी 2.06 फीट की होती है)।
  • Gunter's Chain: 66 फीट (100 कड़ियां)।
  • Engineer's Chain: 100 फीट (100 कड़ियां)।
Q92. लेवलिंग में 'उल्टा स्टॉफ' (Inverted Staff) रीडिंग कब ली जाती है?
Exam: SSC JE 2018, DDA JE 2018, RRB JE 2015
  • A) जब बिंदु उपकरण की दृष्टि रेखा से बहुत नीचे हो
  • B) जब बिंदु दृष्टि रेखा (Line of sight) से ऊपर हो
  • C) जब ढलान बहुत खड़ी हो
  • D) जब उपकरण को समतल करना मुश्किल हो
✔ सही उत्तर: B) जब बिंदु दृष्टि रेखा (Line of sight) से ऊपर हो
विस्तृत व्याख्या:
  • Inverted Staff (उल्टा स्टॉफ): जब हमें किसी ऐसे बिंदु का लेवल (R.L.) निकालना हो जो उपकरण की दृष्टि रेखा (Height of Instrument - H.I.) से ऊपर स्थित हो (जैसे छत का निचला हिस्सा, छज्जा, या पुल के नीचे का भाग), तब स्टॉफ को उल्टा करके छत से सटाकर रखा जाता है।
  • इस स्थिति में ली गई रीडिंग को गणितीय गणनाओं में हमेशा ऋणात्मक (-) लिया जाता है।
  • सूत्र: R.L. of ceiling = H.I. - (- Inverted reading) = H.I. + Inverted reading
Q93. पृथ्वी की सतह पर समान चुंबकीय दिक्पात (Equal magnetic declination) वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली काल्पनिक रेखाओं को क्या कहा जाता है?
Exam: RPSC JE 2016, SSC JE 2014, UKPSC JE 2013
  • A) शून्य दिक्पाती रेखाएं (Agonic lines)
  • B) समदिक्पाती रेखाएं (Isogonic lines)
  • C) समनतिक रेखाएं (Isoclinic lines)
  • D) समोच्च रेखाएं (Contour lines)
✔ सही उत्तर: B) समदिक्पाती रेखाएं (Isogonic lines)
विस्तृत व्याख्या:
  • Isogonic Lines (समदिक्पाती रेखाएं): वे रेखाएं जो समान (Equal) चुंबकीय दिक्पात वाले स्थानों को जोड़ती हैं।
  • Agonic Lines (शून्य दिक्पाती रेखाएं): वे रेखाएं जो शून्य (Zero) चुंबकीय दिक्पात वाले स्थानों को जोड़ती हैं (यह Isogonic का ही एक विशेष रूप है)।
  • Isoclinic Lines: समान नति (Equal Dip) वाले बिंदुओं को जोड़ने वाली रेखाएं।
Q94. 'L' लंबाई की मापी गई ढलान वाली दूरी और 'h' ऊंचाई के अंतर के लिए ढलान संशोधन (Slope correction) का अनुमानित सूत्र क्या है?
Exam: RRB JE 2019, MP Vyapam JE 2017
  • A) + h² / 2L
  • B) - h² / 2L
  • C) - h / 2L²
  • D) + h / 2L²
✔ सही उत्तर: B) - h² / 2L
विस्तृत व्याख्या:
  • ढलान (Slope) पर मापी गई दूरी हमेशा क्षैतिज दूरी से अधिक होती है। चूँकि मापी गई दूरी वास्तविक से अधिक है, इसलिए इसमें की जाने वाली त्रुटि धनात्मक (+) होती है और इसका संशोधन हमेशा ऋणात्मक (-) होता है।
  • पाइथागोरस प्रमेय के आधार पर अनुमानित ढलान संशोधन का सूत्र: Cs = - h² / 2L
  • जहाँ 'h' दो बिंदुओं के बीच ऊंचाई का अंतर है और 'L' ढलान पर मापी गई दूरी है।
Q95. थियोडोलाइट में दूरबीन को उसके क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis) के परितः ऊर्ध्वाधर तल (Vertical plane) में 180° पर घुमाने की प्रक्रिया क्या कहलाती है?
Exam: SSC JE 2017, LMRC JE 2017
  • A) Swinging (स्विंगिंग)
  • B) Transiting (ट्रांज़िटिंग)
  • C) Centering (केंद्रण)
  • D) Leveling (समतलन)
✔ सही उत्तर: B) Transiting (ट्रांज़िटिंग)
विस्तृत व्याख्या:
  • Transiting / Plunging / Reversing: दूरबीन को उसके क्षैतिज अक्ष (Trunnion axis) के परितः ऊर्ध्वाधर तल (Vertical Plane) में 180° पर घुमाने (उल्टा करने) की प्रक्रिया। इसी से 'फेस लेफ्ट' से 'फेस राइट' स्थिति प्राप्त होती है।
  • Swinging: दूरबीन को ऊर्ध्वाधर अक्ष के परितः क्षैतिज तल (Horizontal plane) में दाएँ या बाएँ घुमाना (पंखा घूमने की तरह)।
Q96. लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता (Curvature of earth) के कारण, देखे गए बिंदु अपनी वास्तविक ऊंचाई से कैसे प्रतीत होते हैं?
Exam: UPPCL JE 2019, SSC JE 2015
  • A) वास्तविक ऊंचाई से ऊंचे (Higher than they really are)
  • B) वास्तविक ऊंचाई से नीचे (Lower than they really are)
  • C) समान ऊंचाई पर
  • D) क्षैतिज रूप से विस्थापित
✔ सही उत्तर: B) वास्तविक ऊंचाई से नीचे (Lower than they really are)
विस्तृत व्याख्या:
  • पृथ्वी गोल है, इसलिए जब हम उपकरण से क्षैतिज दृष्टि रेखा (Horizontal line of sight) बनाते हैं, तो वह पृथ्वी की सतह से दूर (ऊपर) जाती हुई प्रतीत होती है।
  • इसके कारण स्टॉफ पर ली गई रीडिंग वास्तविक रीडिंग से अधिक (बड़ी) आती है।
  • चूँकि R.L. = H.I. - Staff Reading, जब स्टॉफ रीडिंग बड़ी आएगी, तो प्राप्त होने वाला R.L. (ऊंचाई) कम हो जाएगा। इसलिए वस्तुएं अपनी वास्तविक ऊंचाई से नीचे (Lower) दिखाई देती हैं।
Q97. प्लेन टेबल सर्वेक्षण की 'विकिरण विधि' (Radiation method) सबसे उपयुक्त कब होती है?
Exam: HPSSC JE 2018, SSC JE 2018
  • A) जब पूरा क्षेत्र एक ही स्टेशन से दिखाई देता हो और दूरियां आसानी से मापी जा सकें
  • B) जब नदी के पार दुर्गम बिंदु स्थापित करने हों
  • C) जब घने जंगल में सर्वेक्षण करना हो
  • D) जब क्षेत्र बहुत बड़ा हो और कई स्टेशनों की आवश्यकता हो
✔ सही उत्तर: A) जब पूरा क्षेत्र एक ही स्टेशन से दिखाई देता हो और दूरियां आसानी से मापी जा सकें
विस्तृत व्याख्या:
  • Radiation (विकिरण विधि): इस विधि में प्लेन टेबल को क्षेत्र के लगभग केंद्र (Center) में एक ही स्टेशन पर स्थापित किया जाता है।
  • वहाँ से सभी आवश्यक बिंदुओं (जैसे पेड़, भवन के कोने) की ओर किरणें खींची जाती हैं और टेप/चेन से दूरी मापकर उसे शीट पर पैमाने के अनुसार काट लिया जाता है।
  • यह विधि केवल छोटे क्षेत्रों के लिए उपयुक्त है जहाँ सभी बिंदु उपकरण से स्पष्ट दिखाई देते हों।
Q98. एक प्रकाशिक गुनिया (Optical Square) में लगे दो दर्पण (Mirrors) एक-दूसरे के साथ किस कोण पर रखे जाते हैं?
Exam: DDA JE 2018, SSC JE 2016
  • A) 30°
  • B) 45°
  • C) 60°
  • D) 90°
✔ सही उत्तर: B) 45°
विस्तृत व्याख्या:
  • प्रकाशिक गुनिया 'दोहरे परावर्तन' (Double Reflection) के सिद्धांत पर काम करता है।
  • यदि दो दर्पण (Mirrors) एक-दूसरे से θ कोण पर झुके हों, तो आपतित किरण (Incident ray) और अंतिम परावर्तित किरण (Reflected ray) के बीच कुल विचलन होता है।
  • चूँकि हमें 90° का कोण (समकोण/Right angle) बनाना होता है, इसलिए दर्पणों के बीच का कोण 90° / 2 = 45° रखा जाता है।
Q99. यदि एक स्थलाकृतिक मानचित्र (Topographical map) पर समोच्च रेखाएं (Contour lines) एक-दूसरे को पार (Cross) करती हुई दिखाई देती हैं, तो यह किस विशेषता को दर्शाता है?
Exam: UKPSC JE 2013, RRB JE 2014
  • A) ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical cliff)
  • B) ओवरहैंगिंग क्लिफ या गुफा (Overhanging cliff / Cave)
  • C) गहरी घाटी (Deep valley)
  • D) रिज या पहाड़ (Ridge or Mountain)
✔ सही उत्तर: B) ओवरहैंगिंग क्लिफ या गुफा (Overhanging cliff / Cave)
विस्तृत व्याख्या:
  • सामान्य नियम: समोच्च रेखाएं कभी भी एक-दूसरे को पार (Cross) नहीं कर सकती हैं।
  • अपवाद: केवल Overhanging Cliff (लटकती हुई चट्टान) या Cave (गुफा) की स्थिति में ही समोच्च रेखाएं नक्शे पर एक-दूसरे को काटती (Intersect) हुई प्रतीत होती हैं।
  • नोट: ऊर्ध्वाधर चट्टान (Vertical Cliff) की स्थिति में समोच्च रेखाएं एक-दूसरे में मिल जाती हैं (Unite), पार नहीं करतीं।
Q100. सर्वेक्षण में 'क्लाइनोमीटर' (Clinometer) उपकरण का उपयोग मुख्य रूप से क्या मापने के लिए किया जाता है?
Exam: SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016, RSMSSB JE 2020
  • A) क्षैतिज कोण (Horizontal angle)
  • B) ढलान का कोण (Angle of slope / Elevation)
  • C) चुंबकीय दिक्मान (Magnetic bearing)
  • D) क्षेत्र का क्षेत्रफल (Area of ground)
✔ सही उत्तर: B) ढलान का कोण (Angle of slope / Elevation)
विस्तृत व्याख्या:
  • Clinometer (क्लाइनोमीटर): यह एक हल्का और पोर्टेबल सर्वेक्षण उपकरण है जिसका उपयोग मुख्य रूप से जमीन की ढलान (Slope) के कोण, उन्नयन कोण (Angle of elevation) या अवनमन कोण (Angle of depression) को मापने के लिए किया जाता है।
  • टेकोमेट्री में ढलान संशोधन (Slope correction) की गणना करने के लिए इसका व्यापक रूप से उपयोग किया जाता है। प्रसिद्ध प्रकार: Abney Level और Indian Pattern Clinometer।
``` लीजिए, **Surveying JE EXAM PYQs की इस बेहतरीन सीरीज का Part - 11 (Q101 से Q110)** तैयार है! इस भाग में हमने Chain, Leveling, Theodolite, Tacheometry और Earthwork Volume के कुछ ऐसे 'Advanced Concepts' को शामिल किया है जो अक्सर परीक्षार्थियों को कंफ्यूज करते हैं। आप इस कोड को सीधे अपने ब्लॉगर के **HTML View** में पेस्ट कर सकते हैं: ```html

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 11) [Q101 - Q110]

Q101. 20 मीटर और 30 मीटर की मीट्रिक चेन (Metric chain) के लिए भारतीय मानक (IS) के अनुसार अधिकतम अनुमेय त्रुटि (Maximum permissible tolerance) कितनी होती है?
Exam: SSC JE 2017, UPSSSC JE 2016, DDA JE 2018
  • A) ±2 mm और ±3 mm
  • B) ±5 mm और ±8 mm
  • C) ±8 mm और ±10 mm
  • D) ±10 mm और ±15 mm
✔ सही उत्तर: B) ±5 mm और ±8 mm
विस्तृत व्याख्या:
  • 8 किलोग्राम के मानक खिंचाव (Standard pull) और 20°C तापमान पर:
  • 20 मीटर की चेन के लिए: अनुमेय त्रुटि की सीमा ±5 mm होती है।
  • 30 मीटर की चेन के लिए: अनुमेय त्रुटि की सीमा ±8 mm होती है।
  • इसका अर्थ है कि 20m की चेन की लंबाई 19.995m से 20.005m के बीच स्वीकार्य (acceptable) है।
Q102. किन्हीं दो लगातार समोच्च रेखाओं (Contour lines) के बीच की 'क्षैतिज दूरी' (Horizontal distance) को क्या कहा जाता है?
Exam: LMRC JE 2017, RRB JE 2014, SSC JE 2015
  • A) समोच्च अंतराल (Contour interval)
  • B) क्षैतिज समतुल्य (Horizontal equivalent)
  • C) समोच्च ढलान (Contour gradient)
  • D) ऊर्ध्वाधर विस्थापन (Vertical displacement)
✔ सही उत्तर: B) क्षैतिज समतुल्य (Horizontal equivalent)
विस्तृत व्याख्या:
  • Horizontal Equivalent (क्षैतिज समतुल्य): किन्हीं दो पास-पास की समोच्च रेखाओं के बीच मापी गई क्षैतिज दूरी को क्षैतिज समतुल्य कहते हैं। यह जमीन की ढलान (Slope) पर निर्भर करता है (खड़ी ढलान पर यह कम होता है और समतल जमीन पर अधिक)।
  • Contour Interval (समोच्च अंतराल): यह दो समोच्च रेखाओं के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी (Vertical height) है, जो किसी एक नक्शे के लिए हमेशा स्थिर (Constant) रहती है।
Q103. प्लेन टेबल सर्वेक्षण (Plane Table Surveying) में उपयोग किए जाने वाले ड्राइंग बोर्ड का मानक आकार (Standard size) आमतौर पर कितना होता है?
Exam: SSC JE 2014, RSMSSB JE 2020
  • A) 300 mm × 400 mm
  • B) 400 mm × 500 mm
  • C) 600 mm × 750 mm
  • D) 800 mm × 1000 mm
✔ सही उत्तर: C) 600 mm × 750 mm
विस्तृत व्याख्या:
  • प्लेन टेबल एक अच्छी तरह से सूखी हुई लकड़ी (जैसे देवदार या पाइन) से बना होता है, ताकि वह मौसम के प्रभाव से मुड़े नहीं (Warpage न हो)।
  • इंजीनियरिंग सर्वेक्षण के लिए इसका सबसे मानक और आमतौर पर इस्तेमाल होने वाला आकार 600 mm × 750 mm (यानी 60 cm × 75 cm) होता है। इसकी मोटाई लगभग 15 से 20 mm होती है।
Q104. बैरोमेट्रिक लेवलिंग (Barometric leveling) किस सिद्धांत (Principle) पर कार्य करती है?
Exam: UKPSC JE 2013, MP Vyapam JE 2017
  • A) गुरुत्वाकर्षण में परिवर्तन (Change in gravity)
  • B) वायुमंडलीय दबाव में परिवर्तन (Change in atmospheric pressure)
  • C) तापमान में परिवर्तन (Change in temperature)
  • D) चुंबकीय क्षेत्र में परिवर्तन (Change in magnetic field)
✔ सही उत्तर: B) वायुमंडलीय दबाव में परिवर्तन (Change in atmospheric pressure)
विस्तृत व्याख्या:
  • Barometric Leveling: इस प्रकार की लेवलिंग में विभिन्न बिंदुओं की ऊँचाई (Elevation) बैरोमीटर (अल्टीमीटर) की सहायता से मापी जाती है।
  • सिद्धांत: हम जानते हैं कि जैसे-जैसे हम समुद्र तल से ऊंचाई पर जाते हैं, हवा का घनत्व और वायुमंडलीय दबाव (Atmospheric pressure) कम होता जाता है। दबाव के इसी अंतर को मापकर दो बिंदुओं के बीच ऊंचाई का अनुमान लगाया जाता है। यह एक अनुमानित (Rough) तरीका है।
Q105. थियोडोलाइट के संदर्भ में, 'टेलीस्कोप नॉर्मल' (Telescope Normal) स्थिति का क्या अर्थ है?
Exam: SSC JE 2018, UPPCL JE 2019
  • A) ऊर्ध्वाधर वृत्त बायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला ऊपर हो
  • B) ऊर्ध्वाधर वृत्त दायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला नीचे हो
  • C) दूरबीन क्षैतिज तल में 180° घुमाई गई हो
  • D) क्षैतिज वृत्त 0° पर सेट हो
✔ सही उत्तर: A) ऊर्ध्वाधर वृत्त बायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला ऊपर हो
विस्तृत व्याख्या:
  • Telescope Normal (दूरबीन सामान्य): इस स्थिति को Face Left (फेस लेफ्ट) भी कहा जाता है। इसमें रीडिंग लेते समय वर्टिकल सर्कल (Vertical circle) प्रेक्षक के बाएँ हाथ की तरफ होता है और दूरबीन के ऊपर लगा लेवल ट्यूब का बुलबुला (Bubble) ऊपर की ओर होता है।
  • Telescope Inverted: इसे Face Right कहते हैं, जिसमें वर्टिकल सर्कल दायीं ओर और बुलबुला नीचे की ओर चला जाता है।
Q106. टैकोमेट्री (Tacheometry) में, एक विश्लेषणात्मक लेंस (Anallactic lens) लगे उपकरण के लिए, 'गुणक स्थिरांक' (k) और 'योजक स्थिरांक' (C) के मान क्रमशः क्या होते हैं?
Exam: SSC JE 2016, RRB JE 2015, DDA JE 2018
  • A) k = 0, C = 100
  • B) k = 100, C = 0
  • C) k = 100, C = 100
  • D) k = 0, C = 0
✔ सही उत्तर: B) k = 100, C = 0
विस्तृत व्याख्या:
  • दूरी निकालने का टैकोमेट्रिक सूत्र: D = kS + C
  • जहाँ k = Multiplying constant (f/i) और C = Additive constant (f+d) है।
  • आधुनिक टैकोमीटर में एक विशेष उत्तल लेंस (Anallactic lens) लगा दिया जाता है, जिससे गणना आसान हो जाती है। इसके लगने से k का मान 100 सेट हो जाता है और C का मान ठीक 0 (शून्य) हो जाता है। अतः सूत्र केवल D = 100 × S रह जाता है।
Q107. मिट्टी के कार्य (Earthwork) में प्रिज्मोइडल नियम (Prismoidal rule) द्वारा निकाला गया आयतन, समलंब नियम (Trapezoidal rule) द्वारा निकाले गए आयतन की तुलना में कैसा होता है?
Exam: HPSSC JE 2018, SSC JE 2017
  • A) हमेशा अधिक होता है (Always more)
  • B) हमेशा कम होता है (Always less)
  • C) बिल्कुल बराबर होता है (Exactly equal)
  • D) ढलान पर निर्भर करता है
✔ सही उत्तर: B) हमेशा कम होता है (Always less)
विस्तृत व्याख्या:
  • Trapezoidal Rule: यह मानता है कि दो क्रॉस-सेक्शन के बीच की सतह समतल (Straight line) है। यह क्षेत्रफल/आयतन को थोड़ा बढ़ाकर बताता है।
  • Prismoidal Rule: यह मानता है कि सतह परवलयिक (Parabolic) है। यह सबसे सटीक (Most accurate) विधि है।
  • प्रिज्मोइडल नियम से निकाला गया आयतन हमेशा समलंब नियम से निकाले गए आयतन से कम (Less) होता है। इसीलिए समलंब आयतन को सही करने के लिए लगाया जाने वाला 'Prismoidal Correction' हमेशा ऋणात्मक (-) होता है।
Q108. लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता (Curvature of the Earth) के लिए संशोधन (Correction) की प्रकृति कैसी होती है?
Exam: UKPSC JE 2013, LMRC JE 2017
  • A) हमेशा धनात्मक (+)
  • B) हमेशा ऋणात्मक (-)
  • C) दूरी के अनुसार बदलता है
  • D) शून्य होता है
✔ सही उत्तर: B) हमेशा ऋणात्मक (-)
विस्तृत व्याख्या:
  • पृथ्वी गोल है, इसलिए क्षैतिज दृष्टि रेखा स्टॉफ पर वास्तविक ऊंचाई से ऊपर टकराती है।
  • चूँकि मापी गई स्टॉफ रीडिंग वास्तविक रीडिंग से बड़ी (अधिक) आती है, इसलिए इसे सही करने के लिए हमें कुछ घटाना पड़ता है।
  • यही कारण है कि Curvature Correction (Cc) हमेशा ऋणात्मक (-) होता है। (Cc = -0.0785 D²)।
  • नोट: अपवर्तन संशोधन (Refraction Correction - Cr) हमेशा धनात्मक (+) होता है।
Q109. सर्वेक्षण दूरबीन (Surveying telescope) में 'क्रॉस-हेयर' (Cross-hairs) या डायफ्राम कहाँ फिट किया जाता है?
Exam: RRB JE 2019, SSC JE 2015
  • A) अभिदृश्यक लेंस (Objective lens) के ठीक सामने
  • B) नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने
  • C) दूरबीन के बिल्कुल मध्य में
  • D) बाहरी सतह पर
✔ सही उत्तर: B) नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने
विस्तृत व्याख्या:
  • डायफ्राम (Diaphragm): यह एक पीतल की रिंग होती है जिस पर क्रॉस-हेयर (प्लेटिनम के तार, मकड़ी का जाला या ग्लास पर उकेरी गई रेखाएं) लगे होते हैं।
  • इसे हमेशा नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने (Optical axis पर) लगाया जाता है ताकि फोकस करने पर प्रेक्षक की आंख को क्रॉस-हेयर और ऑब्जेक्टिव लेंस द्वारा बनाई गई वस्तु की छवि (Image) दोनों एक साथ स्पष्ट रूप से दिखाई दे सकें।
Q110. वृत्ताकार वक्र (Circular curve) में वह बिंदु जहाँ से वक्र शुरू होता है (अर्थात जहाँ पहली सीधी रेखा वक्र को स्पर्श करती है), उसे क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) Point of Intersection (P.I.)
  • B) Point of Tangency (P.T.)
  • C) Point of Curve (P.C.)
  • D) Point of Suspension
✔ सही उत्तर: C) Point of Curve (P.C.)
विस्तृत व्याख्या:
  • Point of Curve (P.C.): इसे Point of commencement भी कहते हैं। यह वह पहला बिंदु (T1) है जहाँ से सीधी सड़क (Tangent) खत्म होती है और वक्र (Curve) शुरू होता है।
  • Point of Tangency (P.T.): यह वक्र का अंतिम बिंदु (T2) है, जहाँ वक्र खत्म होता है और सड़क फिर से सीधी हो जाती है।
  • Point of Intersection (P.I.): जहाँ दोनों आगे बढ़ाई गई सीधी स्पर्श रेखाएं आपस में एक-दूसरे को काटती हैं।
``` यह

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 11) [Q101 - Q110]

Q101. 20 मीटर और 30 मीटर की मीट्रिक चेन (Metric chain) के लिए भारतीय मानक (IS) के अनुसार अधिकतम अनुमेय त्रुटि (Maximum permissible tolerance) कितनी होती है?
Exam: SSC JE 2017, UPSSSC JE 2016, DDA JE 2018
  • A) ±2 mm और ±3 mm
  • B) ±5 mm और ±8 mm
  • C) ±8 mm और ±10 mm
  • D) ±10 mm और ±15 mm
✔ सही उत्तर: B) ±5 mm और ±8 mm
विस्तृत व्याख्या:
  • 8 किलोग्राम के मानक खिंचाव (Standard pull) और 20°C तापमान पर:
  • 20 मीटर की चेन के लिए: अनुमेय त्रुटि की सीमा ±5 mm होती है।
  • 30 मीटर की चेन के लिए: अनुमेय त्रुटि की सीमा ±8 mm होती है।
  • इसका अर्थ है कि 20m की चेन की लंबाई 19.995m से 20.005m के बीच स्वीकार्य (acceptable) है।
Q102. किन्हीं दो लगातार समोच्च रेखाओं (Contour lines) के बीच की 'क्षैतिज दूरी' (Horizontal distance) को क्या कहा जाता है?
Exam: LMRC JE 2017, RRB JE 2014, SSC JE 2015
  • A) समोच्च अंतराल (Contour interval)
  • B) क्षैतिज समतुल्य (Horizontal equivalent)
  • C) समोच्च ढलान (Contour gradient)
  • D) ऊर्ध्वाधर विस्थापन (Vertical displacement)
✔ सही उत्तर: B) क्षैतिज समतुल्य (Horizontal equivalent)
विस्तृत व्याख्या:
  • Horizontal Equivalent (क्षैतिज समतुल्य): किन्हीं दो पास-पास की समोच्च रेखाओं के बीच मापी गई क्षैतिज दूरी को क्षैतिज समतुल्य कहते हैं। यह जमीन की ढलान (Slope) पर निर्भर करता है (खड़ी ढलान पर यह कम होता है और समतल जमीन पर अधिक)।
  • Contour Interval (समोच्च अंतराल): यह दो समोच्च रेखाओं के बीच की ऊर्ध्वाधर दूरी (Vertical height) है, जो किसी एक नक्शे के लिए हमेशा स्थिर (Constant) रहती है।
Q103. प्लेन टेबल सर्वेक्षण (Plane Table Surveying) में उपयोग किए जाने वाले ड्राइंग बोर्ड का मानक आकार (Standard size) आमतौर पर कितना होता है?
Exam: SSC JE 2014, RSMSSB JE 2020
  • A) 300 mm × 400 mm
  • B) 400 mm × 500 mm
  • C) 600 mm × 750 mm
  • D) 800 mm × 1000 mm
✔ सही उत्तर: C) 600 mm × 750 mm
विस्तृत व्याख्या:
  • प्लेन टेबल एक अच्छी तरह से सूखी हुई लकड़ी (जैसे देवदार या पाइन) से बना होता है, ताकि वह मौसम के प्रभाव से मुड़े नहीं (Warpage न हो)।
  • इंजीनियरिंग सर्वेक्षण के लिए इसका सबसे मानक और आमतौर पर इस्तेमाल होने वाला आकार 600 mm × 750 mm (यानी 60 cm × 75 cm) होता है। इसकी मोटाई लगभग 15 से 20 mm होती है।
Q104. बैरोमेट्रिक लेवलिंग (Barometric leveling) किस सिद्धांत (Principle) पर कार्य करती है?
Exam: UKPSC JE 2013, MP Vyapam JE 2017
  • A) गुरुत्वाकर्षण में परिवर्तन (Change in gravity)
  • B) वायुमंडलीय दबाव में परिवर्तन (Change in atmospheric pressure)
  • C) तापमान में परिवर्तन (Change in temperature)
  • D) चुंबकीय क्षेत्र में परिवर्तन (Change in magnetic field)
✔ सही उत्तर: B) वायुमंडलीय दबाव में परिवर्तन (Change in atmospheric pressure)
विस्तृत व्याख्या:
  • Barometric Leveling: इस प्रकार की लेवलिंग में विभिन्न बिंदुओं की ऊँचाई (Elevation) बैरोमीटर (अल्टीमीटर) की सहायता से मापी जाती है।
  • सिद्धांत: हम जानते हैं कि जैसे-जैसे हम समुद्र तल से ऊंचाई पर जाते हैं, हवा का घनत्व और वायुमंडलीय दबाव (Atmospheric pressure) कम होता जाता है। दबाव के इसी अंतर को मापकर दो बिंदुओं के बीच ऊंचाई का अनुमान लगाया जाता है। यह एक अनुमानित (Rough) तरीका है।
Q105. थियोडोलाइट के संदर्भ में, 'टेलीस्कोप नॉर्मल' (Telescope Normal) स्थिति का क्या अर्थ है?
Exam: SSC JE 2018, UPPCL JE 2019
  • A) ऊर्ध्वाधर वृत्त बायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला ऊपर हो
  • B) ऊर्ध्वाधर वृत्त दायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला नीचे हो
  • C) दूरबीन क्षैतिज तल में 180° घुमाई गई हो
  • D) क्षैतिज वृत्त 0° पर सेट हो
✔ सही उत्तर: A) ऊर्ध्वाधर वृत्त बायीं ओर हो और दूरबीन का बुलबुला ऊपर हो
विस्तृत व्याख्या:
  • Telescope Normal (दूरबीन सामान्य): इस स्थिति को Face Left (फेस लेफ्ट) भी कहा जाता है। इसमें रीडिंग लेते समय वर्टिकल सर्कल (Vertical circle) प्रेक्षक के बाएँ हाथ की तरफ होता है और दूरबीन के ऊपर लगा लेवल ट्यूब का बुलबुला (Bubble) ऊपर की ओर होता है।
  • Telescope Inverted: इसे Face Right कहते हैं, जिसमें वर्टिकल सर्कल दायीं ओर और बुलबुला नीचे की ओर चला जाता है।
Q106. टैकोमेट्री (Tacheometry) में, एक विश्लेषणात्मक लेंस (Anallactic lens) लगे उपकरण के लिए, 'गुणक स्थिरांक' (k) और 'योजक स्थिरांक' (C) के मान क्रमशः क्या होते हैं?
Exam: SSC JE 2016, RRB JE 2015, DDA JE 2018
  • A) k = 0, C = 100
  • B) k = 100, C = 0
  • C) k = 100, C = 100
  • D) k = 0, C = 0
✔ सही उत्तर: B) k = 100, C = 0
विस्तृत व्याख्या:
  • दूरी निकालने का टैकोमेट्रिक सूत्र: D = kS + C
  • जहाँ k = Multiplying constant (f/i) और C = Additive constant (f+d) है।
  • आधुनिक टैकोमीटर में एक विशेष उत्तल लेंस (Anallactic lens) लगा दिया जाता है, जिससे गणना आसान हो जाती है। इसके लगने से k का मान 100 सेट हो जाता है और C का मान ठीक 0 (शून्य) हो जाता है। अतः सूत्र केवल D = 100 × S रह जाता है।
Q107. मिट्टी के कार्य (Earthwork) में प्रिज्मोइडल नियम (Prismoidal rule) द्वारा निकाला गया आयतन, समलंब नियम (Trapezoidal rule) द्वारा निकाले गए आयतन की तुलना में कैसा होता है?
Exam: HPSSC JE 2018, SSC JE 2017
  • A) हमेशा अधिक होता है (Always more)
  • B) हमेशा कम होता है (Always less)
  • C) बिल्कुल बराबर होता है (Exactly equal)
  • D) ढलान पर निर्भर करता है
✔ सही उत्तर: B) हमेशा कम होता है (Always less)
विस्तृत व्याख्या:
  • Trapezoidal Rule: यह मानता है कि दो क्रॉस-सेक्शन के बीच की सतह समतल (Straight line) है। यह क्षेत्रफल/आयतन को थोड़ा बढ़ाकर बताता है।
  • Prismoidal Rule: यह मानता है कि सतह परवलयिक (Parabolic) है। यह सबसे सटीक (Most accurate) विधि है।
  • प्रिज्मोइडल नियम से निकाला गया आयतन हमेशा समलंब नियम से निकाले गए आयतन से कम (Less) होता है। इसीलिए समलंब आयतन को सही करने के लिए लगाया जाने वाला 'Prismoidal Correction' हमेशा ऋणात्मक (-) होता है।
Q108. लेवलिंग में पृथ्वी की वक्रता (Curvature of the Earth) के लिए संशोधन (Correction) की प्रकृति कैसी होती है?
Exam: UKPSC JE 2013, LMRC JE 2017
  • A) हमेशा धनात्मक (+)
  • B) हमेशा ऋणात्मक (-)
  • C) दूरी के अनुसार बदलता है
  • D) शून्य होता है
✔ सही उत्तर: B) हमेशा ऋणात्मक (-)
विस्तृत व्याख्या:
  • पृथ्वी गोल है, इसलिए क्षैतिज दृष्टि रेखा स्टॉफ पर वास्तविक ऊंचाई से ऊपर टकराती है।
  • चूँकि मापी गई स्टॉफ रीडिंग वास्तविक रीडिंग से बड़ी (अधिक) आती है, इसलिए इसे सही करने के लिए हमें कुछ घटाना पड़ता है।
  • यही कारण है कि Curvature Correction (Cc) हमेशा ऋणात्मक (-) होता है। (Cc = -0.0785 D²)।
  • नोट: अपवर्तन संशोधन (Refraction Correction - Cr) हमेशा धनात्मक (+) होता है।
Q109. सर्वेक्षण दूरबीन (Surveying telescope) में 'क्रॉस-हेयर' (Cross-hairs) या डायफ्राम कहाँ फिट किया जाता है?
Exam: RRB JE 2019, SSC JE 2015
  • A) अभिदृश्यक लेंस (Objective lens) के ठीक सामने
  • B) नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने
  • C) दूरबीन के बिल्कुल मध्य में
  • D) बाहरी सतह पर
✔ सही उत्तर: B) नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने
विस्तृत व्याख्या:
  • डायफ्राम (Diaphragm): यह एक पीतल की रिंग होती है जिस पर क्रॉस-हेयर (प्लेटिनम के तार, मकड़ी का जाला या ग्लास पर उकेरी गई रेखाएं) लगे होते हैं।
  • इसे हमेशा नेत्रिका (Eyepiece) के ठीक सामने (Optical axis पर) लगाया जाता है ताकि फोकस करने पर प्रेक्षक की आंख को क्रॉस-हेयर और ऑब्जेक्टिव लेंस द्वारा बनाई गई वस्तु की छवि (Image) दोनों एक साथ स्पष्ट रूप से दिखाई दे सकें।
Q110. वृत्ताकार वक्र (Circular curve) में वह बिंदु जहाँ से वक्र शुरू होता है (अर्थात जहाँ पहली सीधी रेखा वक्र को स्पर्श करती है), उसे क्या कहा जाता है?
Exam: SSC JE 2018, UPSSSC JE 2016
  • A) Point of Intersection (P.I.)
  • B) Point of Tangency (P.T.)
  • C) Point of Curve (P.C.)
  • D) Point of Suspension
✔ सही उत्तर: C) Point of Curve (P.C.)
विस्तृत व्याख्या:
  • Point of Curve (P.C.): इसे Point of commencement भी कहते हैं। यह वह पहला बिंदु (T1) है जहाँ से सीधी सड़क (Tangent) खत्म होती है और वक्र (Curve) शुरू होता है।
  • Point of Tangency (P.T.): यह वक्र का अंतिम बिंदु (T2) है, जहाँ वक्र खत्म होता है और सड़क फिर से सीधी हो जाती है।
  • Point of Intersection (P.I.): जहाँ दोनों आगे बढ़ाई गई सीधी स्पर्श रेखाएं आपस में एक-दूसरे को काटती हैं।
``` यहाँ

Surveying JE EXAM PYQs

विस्तृत व्याख्या सहित (Part - 12) [Q111 - Q120]

Q111. 30 मीटर की मीट्रिक चेन (Metric chain) में कुल कितनी कड़ियाँ (links) होती हैं?
Exam: UPSSSC JE 2016, SSC JE 2018, LMRC JE 2017
  • A) 100
  • B) 150
  • C) 200
  • D) 300
✔ सही उत्तर: B) 150
विस्तृत व्याख्या:
  • मीट्रिक चेन में प्रत्येक कड़ी (link) की मानक लंबाई 20 cm (या 0.2 मीटर) होती है।
  • 20 मीटर चेन में: 20 / 0.2 = 100 कड़ियाँ (links) होती हैं।
  • 30 मीटर चेन में: 30 / 0.2 = 150 कड़ियाँ (links) होती हैं।
Q112. सर्वेक्षण उपकरणों (जैसे डंपी लेवल या थियोडोलाइट) में 'पैरालैक्स' (Parallax) की समस्या को कैसे दूर किया जाता है?
Exam: SSC JE 2017, RRB JE 2019, DDA JE 2018
  • A) केवल नेत्रिका (Eyepiece) को फोकस करके
  • B) केवल अभिदृश्यक लेंस (Objective) को फोकस करके
  • C) नेत्रिका और अभिदृश्यक दोनों को फोकस करके
  • D) उपकरण को समतल (Leveling) करके
✔ सही उत्तर: C) नेत्रिका और अभिदृश्यक दोनों को फोकस करके
विस्तृत व्याख्या:
  • Parallax (लंबन): यह स्थिति तब उत्पन्न होती है जब लक्ष्य (Object) का प्रतिबिंब क्रॉस-हेयर के तल (Plane of cross-hairs) पर ठीक से नहीं बनता है। इससे आंख हिलाने पर क्रॉस-हेयर लक्ष्य के सापेक्ष हिलता हुआ प्रतीत होता है।
  • इसे दूर करने के 2 चरण हैं:
    1. Focusing the eyepiece: क्रॉस-हेयर को स्पष्ट देखने के लिए (एक सफेद कागज के सामने)।
    2. Focusing the objective: लक्ष्य (स्टाफ) की छवि को क्रॉस-हेयर के तल पर लाने के लिए।
Q113. एक डंपी लेवल (Dumpy level) के उचित समायोजन में, दृष्टि रेखा (Line of collimation) उपकरण के किस हिस्से के समानांतर (Parallel) होनी चाहिए?
Exam: UKPSC JE 2013, SSC JE 2016
  • A) ऊर्ध्वाधर अक्ष (Vertical axis)
  • B) बबल ट्यूब का अक्ष (Axis of bubble tube)
  • C) दूरबीन का अक्ष (Axis of telescope)
  • D) क्षैतिज अक्ष (Horizontal axis)
✔ सही उत्तर: B) बबल ट्यूब का अक्ष (Axis of bubble tube)
विस्तृत व्याख्या:
  • लेवलिंग उपकरणों का सबसे मौलिक और आवश्यक स्थायी समायोजन (Fundamental line adjustment) यही है।
  • जब उपकरण समतल (Level) कर दिया जाता है, तो बबल ट्यूब का अक्ष क्षैतिज (Horizontal) हो जाता है। इसलिए सटीक लेवलिंग के लिए दृष्टि रेखा (Line of collimation) को बबल ट्यूब के अक्ष के बिल्कुल समानांतर होना चाहिए।
Q114. पृथ्वी की सतह पर समान नति (Equal Dip) वाले बिंदुओं को मिलाने वाली काल्पनिक रेखाओं को क्या कहा जाता है?
Exam: RSMSSB JE 2020, SSC JE 2014
  • A) समदिक्पाती रेखाएं (Isogonic lines)
  • B) शून्य दिक्पाती रेखाएं (Agonic lines)
  • C) समनतिक रेखाएं (Isoclinic lines)
  • D) शून्य नतिक रेखाएं (Aclinic lines)
✔ सही उत्तर: C) समनतिक रेखाएं (Isoclinic lines)
विस्तृत व्याख्या:
  • Isoclinic Lines (समनतिक रेखाएं): वे रेखाएं जो पृथ्वी पर समान (Equal) चुंबकीय नति (Dip) वाले स्थानों को जोड़ती हैं।
  • Aclinic Lines (शून्य नतिक रेखाएं): वे रेखाएं जो शून्य (Zero) नति वाले स्थानों को जोड़ती हैं। (चुंबकीय भूमध्य रेखा / Magnetic Equator एक Aclinic line है)।
Q115. सर्वे लाइन से लंबवत ऑफसेट (Perpendicular offset) स्थापित करने के लिए सबसे सरल उपकरण कौन सा है?
Exam: UPSSSC JE 2016, RRB JE 2015
  • A) प्लैनीमीटर (Planimeter)
  • B) क्लाइनोमीटर (Clinometer)
  • C) क्रॉस-स्टाफ (Cross-staff)
  • D) पेंटाग्राफ (Pantagraph)
✔ सही उत्तर: C) क्रॉस-स्टाफ (Cross-staff)
विस्तृत व्याख्या:
  • Cross-staff (क्रॉस-स्टाफ): यह चेन सर्वेक्षण (Chain Surveying) में मुख्य सर्वे लाइन से 90° (लंबवत / Perpendicular) ऑफसेट निकालने के लिए इस्तेमाल होने वाला एक बहुत ही बुनियादी और सरल उपकरण है।
  • ऑप्टिकल स्क्वायर (Optical Square) भी इसी काम के लिए होता है, लेकिन वह क्रॉस-स्टाफ की तुलना में अधिक सटीक और उन्नत उपकरण है।
Q116. यदि किसी रेखा का वास्तविक दिक्मान (True Bearing) 210° है और चुंबकीय दिक्पात (Magnetic Declination) 2° पश्चिम (West) है, तो उसका चुंबकीय दिक्मान (Magnetic Bearing) क्या होगा?
Exam: SSC JE 2015, MP Vyapam JE 2017
  • A) 208°
  • B) 212°
  • C) 210°
  • D) 2°
✔ सही उत्तर: B) 212°
विस्तृत व्याख्या:
  • सूत्र: West Declination के लिए, True Bearing = Magnetic Bearing - Declination
  • प्रश्न के अनुसार: 210° = M.B. - 2°
  • M.B. = 210° + 2° = 212°
  • (याद रखने की ट्रिक: यदि Declination West में है, तो M.B. हमेशा T.B. से बड़ा होगा)।
Q117. प्लेन टेबल सर्वेक्षण में 'स्थिति निर्धारण' (Resection) विधि का मुख्य उद्देश्य क्या होता है?
Exam: SSC JE 2018, HPSSC JE 2018
  • A) दुर्गम बिंदुओं का पता लगाना
  • B) क्षेत्र के विवरणों (details) को प्लॉट करना
  • C) उपकरण स्टेशन (Instrument station) की नई स्थिति का पता लगाना
  • D) चुंबकीय उत्तर (Magnetic north) को मापना
✔ सही उत्तर: C) उपकरण स्टेशन (Instrument station) की नई स्थिति का पता लगाना
विस्तृत व्याख्या:
  • Resection (स्थिति निर्धारण): इस विधि का उपयोग तब किया जाता है जब हमें ड्राइंग शीट पर उस नए स्टेशन की सटीक स्थिति (Location) का पता लगाना हो, जहाँ हमने वर्तमान में प्लेन टेबल को रखा हुआ है।
  • यह कार्य पहले से प्लॉट किए गए (ज्ञात) बिंदुओं की मदद से किया जाता है। (उदाहरण: Two-point problem और Three-point problem इसी के हिस्से हैं)।
Q118. थियोडोलाइट में 'इंडेक्स त्रुटि' (Index Error) किस हिस्से के गलत समायोजन से संबंधित होती है?
Exam: RPSC JE 2016, UKPSC JE 2013
  • A) क्षैतिज वृत्त (Horizontal circle)
  • B) ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle)
  • C) ट्राइबेच (Tribrach)
  • D) ट्रूनियन अक्ष (Trunnion axis)
✔ सही उत्तर: B) ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical circle)
विस्तृत व्याख्या:
  • Index Error (सूचकांक त्रुटि): यह थियोडोलाइट के ऊर्ध्वाधर वृत्त (Vertical Circle) से संबंधित त्रुटि है।
  • जब दूरबीन की दृष्टि रेखा (Line of sight) पूरी तरह से क्षैतिज (Horizontal) होती है, तो वर्टिकल सर्कल पर वर्नियर की रीडिंग ठीक 0° (शून्य) होनी चाहिए। यदि यह 0° नहीं है, तो इस अंतर को ही Index Error कहा जाता है।
Q119. किसी क्षेत्र में दो बिंदुओं के बीच की 'क्षैतिज दूरी' और 'ऊंचाई का अंतर (Elevation)' दोनों एक साथ तेजी से मापने के लिए कौन सा सर्वेक्षण सबसे उपयुक्त है?
Exam: SSC JE 2017, LMRC JE 2017
  • A) चेन सर्वेक्षण (Chain Surveying)
  • B) टैकोमेट्रिक सर्वेक्षण (Tacheometric Surveying)
  • C) कंपास सर्वेक्षण (Compass Surveying)
  • D) लेवलिंग (Leveling)
✔ सही उत्तर: B) टैकोमेट्रिक सर्वेक्षण (Tacheometric Surveying)
विस्तृत व्याख्या:
  • Tacheometry (टैकोमेट्री): यह ऑप्टिकल दूरी मापन (Optical distance measurement) की एक शाखा है।
  • इसके द्वारा ऊबड़-खाबड़ (Hilly/Undulating) इलाकों में जहाँ चेन या टेप का उपयोग करना मुश्किल होता है, वहाँ बहुत तेज़ी से और एक ही बार में क्षैतिज दूरी (D) और ऊर्ध्वाधर दूरी (V) दोनों निकाली जा सकती हैं।
Q120. एक समोच्च मानचित्र (Contour map) पर, यदि समोच्च रेखाएं एक-दूसरे से 'समान दूरी' (Equally spaced) पर स्थित हैं, तो यह ज़मीन की किस विशेषता को दर्शाता है?
Exam: RRB JE 2014, SSC JE 2016, UPSSSC JE 2016
  • A) समतल सतह (Flat surface)
  • B) खड़ी ढलान (Steep slope)
  • C) एकसमान ढलान (Uniform slope)
  • D) अनियमित ढलान (Irregular slope)
✔ सही उत्तर: C) एकसमान ढलान (Uniform slope)
विस्तृत व्याख्या:
  • Equally Spaced Contours: यदि दो समोच्च रेखाओं के बीच की क्षैतिज दूरी (Horizontal equivalent) हर जगह समान है, तो यह दर्शाता है कि ज़मीन की ढलान हर जगह एक जैसी है। इसे Uniform Slope (एकसमान ढलान) कहते हैं।
  • Closely spaced: खड़ी ढलान (Steep slope) दर्शाता है।
  • Widely spaced: समतल या बहुत हल्की ढलान (Flat slope) दर्शाता है।
```

Comments

Popular posts from this blog

Instagram Reels Viral Kaise Kare? 5 Proven Secrets for Fast Growth (2026)

छात्र मोबाइल से पैसे कैसे कमाएं? | पढ़ाई के साथ Online Earning Guide